द फॉलोअप डेस्क
बिहार के नालंदा जिले के मघड़ा गांव में मंगलवार को प्राचीन शीतला मंदिर में भगदड़ मचने के कारण 9 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि कई लोग घायल हो गए थे। मृतकों में 8 महिलाएं शामिल थीं। ध्यान हो कि कल पुलिस-प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए थानाध्यक्ष को सस्पेंड किया था। अब इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 4 पुजारियों को गिरफ्तार किया है। वहीं दीपनगर थाना में 20 नामजद और 20 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस का कहना है कि भीड़ प्रबंधन में लापरवाही और अव्यवस्था के कारण यह हादसा हुआ।

स्थानीय प्रशासन और पुलिस टीम लगातार मामले की जांच कर रही है और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है। वहीं, मृतकों के परिजनों में गहरा शोक और आक्रोश का माहौल है। प्रशासन की ओर से घायलों का इलाज कराया जा रहा है और पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता देने की बात कही गई है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने घटना पर शोक जताते हुए कहा कि बिहार के नालंदा में एक मंदिर में हुई भगदड़ में अनेक श्रद्धालुओं की मृत्यु का समाचार अत्यंत दुखद है। मैं सभी शोकाकुल परिवारजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करती हूं। घायल हुए सभी लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की मैं कामना करती हूं।

वहीं उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने भी मंगलवार को बिहार के नालंदा के शीतला माता मंदिर में भगदड़ पर शोक व्यक्त किया। उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन के कार्यालय ने नालंदा हादसे पर दुख जताते हुए एक्स पर पोस्ट किया, '' बिहार के नालंदा में भगदड़ के कारण हुई जानमाल की दुखद हानि से मैं अत्यंत आहत हूं। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना में घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की मैं प्रार्थना करता हूं।' नीतीश सरकार ने मृतकों के परिजनों के लिए 6-6 लाख रुपये मुआवजे की घोषणा की और घायलों को मुफ्त इलाज देने की घोषणा की।