हर गर्मी में, क्योंझर ज़िले के तेलकोइ ब्लॉक की पहाड़ियों और घाटियों में टन भर आम पकते हैं। फलों से लदे पेड़ आम नज़ारा बन जाते हैं। किसान व्यापारियों के आने का इंतज़ार करते हैं। मोल-भाव शुरू होता है। फसल बिक जाती है। सीज़न खत्म हो जाता है।
विशाखापट्टनम के स्टील प्लांट में दर्दनाक हादसा हुआ है। 1600 डिग्री तापमान पर पिघला हुआ लोहा मजदूरों पर गिर गया। हादसे में 8 मजदूरों की मौत हो गई और कई घायल हैं।
2 साल बाद आज हुई INDIA ब्लॉक की बैठक में दो दर्जन पार्टियों ने हिस्सा लिया और इसमें पांच अहम मुद्दों पर सहमति बनी। बैठक में विपक्ष के बड़े नेता बड़ी संख्या में इसमें शामिल हुए।
प्रदेश राजद प्रवक्ता कैलाश यादव ने कहा कि राज्यसभा चुनाव में नामांकन के दौरान बीजेपी एक्सपोज़ हो गई है। विगत दिनों प्रदेश बीजेपी नेता बाबूलाल मरांडी और प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने दावा किया था कि दो सीटों पर होने वाले आगामी राज्यसभा चुनाव में बीजेपी अधि
ओडिशा के बेरहामपुर में मोटर व्हीकल कॉन्स्टेबल आशुतोष मृदंगिया को जिंदा जलाने की कथित कोशिश के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। एम्स भुवनेश्वर में इलाज करा रहे आशुतोष की हालत स्थिर बताई जा रही है।
सोमवार को TMC का संकट और गहरा गया जब चीफ व्हिप काकोली घोष दस्तीदार की अगुवाई में 20 लोकसभा सांसदों ने स्पीकर ओम बिरला को पत्र लिखकर BJP के नेतृत्व वाले NDA को समर्थन देने की घोषणा की।
नॉर्थ-ईस्ट के साथ आर्थिक और रणनीतिक संबंध मजबूत करने के मकसद से, यूरोपियन यूनियन (EU) का एक हाई-लेवल डेलीगेशन, जिसे 'टीम यूरोप' कहा जाता है, सोमवार को दो दिन के दौरे पर गुवाहाटी पहुंचा।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने सोमवार को अपनी नई मंत्रिपरिषद के 12 सदस्यों के बीच विभागों का बंटवारा करते हुए राज्य के पांच सबसे अहम विभागों- गृह, बिजली, दोनों लोक निर्माण विभाग (PWD) और सूचना एवं जनसंपर्क का नियंत्रण अपने पास ही रखा।
ममता बनर्जी के लिए एक और बड़ा संकट सामने आ गया है, खबरों के मुताबिक विधायकों की बगावत के बीच TMC के 10 सांसदों की BJP के भूपेंद्र यादव से मुलाकात हुई है औऱ इसमें सीएम शुभेंदू अधिकारी भी मौजूद हैं।
कॉकरोच जनता पार्टी की सरगर्मी के बीच सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज मार्कंडेय काटजू ने 'इश्क़ करो पार्टी' बनाई है और इसके लिए सदस्यता अभियान भी शुरू कर दिया है।
एक शादी समारोह उस समय मातम में बदल गया, जब निकाह के दौरान दहेज और मेहर की रकम को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद हो गया।
लोगों तक पहुंचने के कार्यक्रमों के बाद, अधिकारियों ने नदी में नाव रैली निकाली, ताकि जागरूकता संदेश और फैलाए जा सकें और स्थानीय लोगों से बातचीत की जा सके।