बिहार
बिहार में इन दिनों मौसम के दो बिल्कुल अलग रूप देखने को मिल रहे हैं। राज्य के दक्षिण और पश्चिम हिस्सों में लोग भीषण गर्मी और लू से परेशान है, जबकि उत्तर और पूर्वी इलाकों में मौसम अचानक बदलकर आंधी, बारिश और ओलावृष्टि वाला हो गया है।
13 जिलों में आंधी-बारिश का ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, आज बिहार के 13 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इन इलाकों में 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने, बिजली गिरने और ओलावृष्टि की आशंका है। विशेष रूप से किशनगंज, अररिया, पूर्णिया और सुपौल में अगले 48 घंटों तक यह सिलसिला जारी रह सकता है। मंगलवार को गोपालगंज और पश्चिम चंपारण में भी भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।
दक्षिण बिहार के 25 जिलों में भीषण गर्मी
जहां उत्तर बिहार भीग रहा है, वहीं दक्षिण बिहार के 25 जिलों में भीषण गर्मी लोगों को बेहाल कर रही है। यहां रोहतास के डेहरी में पारा 43.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भभुआ में यह 43.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। गया और भभुआ में अब भी पारा 40 डिग्री के पार बना हुआ है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के आसपास बने कम दबाव के क्षेत्र और पूर्वी उत्तर प्रदेश के ऊपर बने चक्रवाती प्रभाव (Cyclonic Circulation) की वजह से यह बदलाव आया है। ऊपरी वायुमंडल में अस्थिरता के कारण नमी युक्त पुरवा हवाएं चल रही हैं, जिससे तापमान में उतार-चढ़ाव जारी है।
अधिकतम तापमान में 6.4 डिग्री सेल्सियस की बड़ी गिरावट
राजधानी पटना में पुरवा हवा चलने से अधिकतम तापमान में 6.4 डिग्री सेल्सियस की बड़ी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे पारा 34.4 डिग्री पर आ गया है। हालांकि, हवा में नमी बढ़ने से उमस (Humidity) बढ़ गई है। आज रात को पटना में तेज हवा के साथ हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। बेमौसम आंधी और ओलावृष्टि ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। सुपौल और पूर्वी चंपारण में मक्का, आम, लीची और रबी की फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। तेज हवाओं के कारण फल पेड़ों से गिर गए हैं और ओलों ने सब्जियों की खेती को बर्बाद कर दिया है।