logo

रांची : जन भावनाओं को ध्यान में रखते हुए पारसनाथ को धार्मिक स्थल ही रहने दे सरकारः संजय सेठ 

sanjay_seth4.jpg

रांचीः   
''श्री सम्मेद शिखर तीर्थ" को टूरिस्ट प्लेस बनाने के फैसले का विरोध पूरा जैन समाज कर रहा है। जैन समाज के लोगों की मांग है कि उनके तीर्थ को पर्यटन स्थल ना बनाया जाए। ऐसे में अब रांची के सांसद संजय सेठ ने भी जैन समाज का समर्थन किया है। उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मांग की है कि जन भावनाओं को ध्यान में रखते हुए पारसनाथ को तीर्थ स्थल ही रहाने दिया जाए। सांसद ने कहा है कि परासनाथ जैन समुदाय का सबसे आस्था का केंद्र है, यहां दर्जनों जैन मुनियों तीर्थंकारो ने तपस्या की और मोक्ष प्राप्त की है। श्री सम्मेद शिखरजी की पवित्रता को बनाए रखने के लिए झारखंड सरकार को अपना फैसला वापस लेना चाहिए। 


धार्मिक स्थल ही रहने दे 
सम्मेद शिखर को टूरिस्ट प्लेस घोषित किये जाने पर जैन समाज में नाराजगी है। पूरे देश भर के जैन समाज सड़कों पर विरोध प्रदर्शन कर रहे है। सांसद ने कहा पारसनाथ मंदिर सहित जैन समाज की पूजा विधि बहुत ही स्वच्छ और पवित्रता पूर्ण तरीके से होती है। इसलिए इनके तीर्थ को टूरिस्ट प्लेस बनाना कहीं से सही नहीं है। पर्यटन स्थल घोषित होने से यहां के पवित्रता पर असर पड़ेगा है। राज्य सरकार जैन समाज की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए सम्मेद शिखरजी को धार्मिक स्थल ही रहने दे।