पाकुड़
जिले के जानकीनगर गांव में बुधवार को पुलिस ने आजसू के पूर्व एनडीए विधानसभा प्रत्याशी अजहर इस्लाम के आवास पर छापेमारी की। यह कार्रवाई सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिस टीम के साथ दुर्व्यवहार के आरोप में दर्ज FIR के बाद की गई। छापेमारी के दौरान परिसर से दो नाबालिग बाल मजदूरों का भी रेस्क्यू किया गया, जिसके बाद श्रम विभाग ने अलग से मामला दर्ज किया है। 
अजहर इस्लाम समेत 20-25 लोगों पर प्राथमिकी दर्ज
पुलिस ने अनुमंडल दंडाधिकारी द्वारा लागू निषेधाज्ञा का उल्लंघन, सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, पुलिसकर्मियों के साथ अभद्र व्यवहार, धक्का-मुक्की करने और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने के आरोप में अजहर इस्लाम, उनके पिता अली अकबर, निजी सुरक्षा गार्ड समेत 20 से 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ कांड संख्या 96/26 के तहत FIR दर्ज की है। यह मामला मुफस्सिल थाना में पदस्थापित पुलिस अवर निरीक्षक रामदुलार सिंह के लिखित आवेदन पर दर्ज किया गया है। 
जमीन विवाद की जांच के दौरान हुई थी झड़प
मिली जानकारी के अनुसार, मंगलवार को मुफस्सिल थाना पुलिस एक वादी की शिकायत पर जमीन विवाद से जुड़े मामले की जांच के लिए जानकीनगर पहुंची थी। इसी दौरान पूर्व प्रत्याशी अजहर इस्लाम और उनके समर्थकों की पुलिस टीम के साथ तीखी बहस हो गई, जो देखते ही देखते झड़प में बदल गई। इसके बाद पुलिस ने BNS की धारा 163 के तहत लागू निषेधाज्ञा के उल्लंघन, सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिसकर्मियों के साथ दुर्व्यवहार के आरोप में मामला दर्ज किया।
घर से दो नाबालिग बाल मजदूरों का रेस्क्यू
छापेमारी के दौरान एक और चौंकाने वाला मामला सामने आया। सूचना मिलने पर श्रम अधीक्षक गिरी शंकर शाह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जांच के दौरान अजहर इस्लाम के परिसर से दो नाबालिग बाल मजदूरों को रेस्क्यू किया गया, जिनमें से एक की उम्र 14 वर्ष से कम पाई गई। इस मामले में श्रम विभाग ने भी अलग से प्राथमिकी दर्ज की है। दोनों बच्चों को बाल कल्याण समिति (CWC) के समक्ष प्रस्तुत करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।.jpeg)
मजिस्ट्रेट ने क्या कहा
छापेमारी दल की मजिस्ट्रेट तनुजा पुजहर ने मीडिया से बातचीत में कहा कि पूर्व प्रत्याशी अजहर इस्लाम के घर की सघन तलाशी ली गई, लेकिन वह घर पर मौजूद नहीं मिले। परिवार के सदस्यों ने बताया कि वह रात में ही घर से बाहर चले गए थे। सभी कमरों की जांच की गई, लेकिन उनका कोई पता नहीं चल सका। बाल मजदूरों के मामले पर उन्होंने कहा कि मंगलवार को प्रशासनिक टीम जमीन विवाद के मामले में कार्रवाई के लिए पहुंची थी। इसी दौरान टीम के साथ दुर्व्यवहार किया गया और महिला पुलिसकर्मियों के साथ भी अभद्रता की गई। इसी मामले में बुधवार को कार्रवाई की गई। साथ ही परिसर से दो नाबालिग बच्चों को भी रेस्क्यू किया गया, जिन्हें काम पर लगाए जाने की बात सामने आई है। 
राजनीतिक साजिश का आरोप
दूसरी ओर, पूर्व एनडीए प्रत्याशी अजहर इस्लाम ने सोशल मीडिया के माध्यम से अपनी प्रतिक्रिया देते हुए पूरी कार्रवाई को राजनीतिक साजिश बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ताधारी कांग्रेस नेताओं के इशारे पर उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है। अजहर इस्लाम ने कहा, एक मामूली विवाद को बेवजह बड़ा बनाया गया और मुझे गिरफ्तार करने के लिए 40 से 50 पुलिसकर्मी मेरे घर भेज दिए गए। फिलहाल, पुलिस नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है। पूरे इलाके में पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई है।