logo

राष्ट्रीय ओबीसी मोर्चा ने की UGC अधिनियम 2026 में स्पष्टता और पारदर्शी की मांग

jir,yo8,oe86k.jpg

द फॉलोअप डेस्क
राष्ट्रीय ओबीसी मोर्चा झारखंड ने यूजीसी द्वारा जारी समता अधिनियम 2026 के प्रावधानों में स्पष्टता और पारदर्शिता की मांग की है। प्रदेश अध्यक्ष राजेश गुप्ता ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि ये प्रावधान अस्पष्ट हैं तथा ओबीसी समुदाय के साथ-साथ महिलाओं, दिव्यांगजनों, अनुसूचित जाति एवं जनजाति के सदस्यों को न्याय दिलाने में पूरी तरह अक्षम साबित होंगे। उन्होंने मांग की कि इन प्रावधानों को स्पष्ट एवं पारदर्शी बनाया जाए, भेदभाव के मापदंड परिभाषित किए जाएँ तथा यह स्पष्ट हो कि कौन-सा व्यवहार भेदभाव माना जाएगा।

सदस्य नियुक्ति पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से होनी चाहिए। सदस्यों का चयन उनकी योग्यता, अनुभव और भेदभाव के खिलाफ लड़ने की क्षमता के आधार पर होना चाहिए। साथ ही, ओबीसी समाज के लिए समग्र न्याय सुनिश्चित किया जाए और इसे आईआईटी, आईआईएम तथा अन्य मेडिकल और इंजीनियरिंग कॉलेजों में लागू किया जाए। इन नियमों पर उच्चतम न्यायालय द्वारा लगाई गई रोक पर उन्होंने कहा कि न्यायालय सुनवाई के दौरान राष्ट्रीय ओबीसी मोर्चा द्वारा उठाई गई स्पष्टता की मांग पर ध्यान देते हुए निर्णय ले।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में महासचिव विद्याधर प्रसाद ने कहा कि हर स्तर पर पिछड़े वर्ग के साथ भेदभाव जारी है चाहे शैक्षणिक संस्थान हों, प्रशासनिक सेवाएँ हों या अन्य कोई व्यवस्था। पिछड़ों को समुचित प्रतिनिधित्व न मिलना भेदभाव को स्पष्ट रूप से उजागर करता है। उन्होंने सरकार से अपील की कि जाति-आधारित भेदभाव को समाप्त करने हेतु समग्र व्यवस्था बनाई जाए। प्रेस वार्ता में विद्याधर प्रसाद, रामलखन साहू, रामावतार कश्यप, कमलेश चौधरी और रामदयाल जी उपस्थित थे।

 

Tags - Latest jharkhand News Jharkhand news Updates latest OBC Mocha Jharkhand News OBC Mocha Jharkhand News Updates latest OBC Mocha Jharkhand News OBC Mocha Jharkhand News in hindi latest OBC Mocha Jharkhand Updates Latets updates OBC Mocha Jharkhand l