द फॉलोअप डेस्क
राज्य सरकार द्वारा डिग्री कॉलेजों में इंटर (12वीं) की पढ़ाई बंद करने के निर्णय के विरोध में शनिवार 12 जुलाई को गिरिडीह के आरके महिला कॉलेज की छात्राओं ने झंडा मैदान में जोरदार प्रदर्शन किया। हाथों में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे स्लोगन लिखे पोस्टर लिए छात्राएं सड़क पर उतरीं और सरकार के फैसले को वापस लेने की मांग की।
छात्राओं ने आरोप लगाया कि उन्होंने इंटर की पढ़ाई आरके महिला कॉलेज से शुरू की थी, लेकिन अब जब 12वीं की पढ़ाई का समय आया है तो कॉलेज प्रशासन ने उन्हें दूसरे स्कूलों में जाकर नामांकन लेने को कहा है। इससे छात्राएं असमंजस और आक्रोश में हैं।
प्रदर्शन कर रहीं छात्राओं ने कहा कि वे अपने कॉलेज से ही पढ़ाई पूरी करना चाहती हैं, क्योंकि उनमें से कई छात्राएं आर्थिक रूप से कमजोर हैं और दोबारा नए स्कूल में दाखिला लेना, ड्रेस खरीदना और अन्य खर्च उठाना उनके लिए संभव नहीं है। छात्राओं ने +2 हाई स्कूल गिरिडीह के प्रिंसिपल पर यह भी आरोप लगाया कि उन्होंने कहा है “2 से 3 हफ्ते आंदोलन करो, फिर नामांकन ले लेंगे।” जबकि छात्राओं के अनुसार, उपायुक्त ने पहले ही जल्द नामांकन का आश्वासन दिया था।
इस पूरे प्रकरण पर प्रतिक्रिया देते हुए +2 हाई स्कूल के प्राचार्य दयानंद कुमार ने छात्राओं के आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि सभी छात्राओं का नामांकन निश्चित रूप से किया जाएगा, लेकिन प्रक्रिया में थोड़ा समय लग सकता है। छात्राओं ने साफ कहा है कि वे अपने हक के लिए संघर्ष करती रहेंगी और जब तक समाधान नहीं निकलता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
