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रांची : आरक्षण को लेकर सरकार की मंशा स्पष्ट नहीं, नीति और निर्णय दोनों उलझाने वाले- सुदेश महतो

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रांची: 
AJSU के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश कुमार महतो (Sudesh Kumar Mahto) ने कहा है कि राज्य के हर महत्वपूर्ण विषय पर सरकार राज्य को गुमराह कर रही है। राज्य को सही दिशा मिले, इसके लिए बुद्धिजीवियों को आगे आकर दखल देना होगा। अलग राज्य गठन में भी इस तबका का बेहतर योगदान रहा है। सत्ताधारी दल कुर्सी बचाने की खातिर तरह-तरह के राजनीतिक हथकंडे अपनाए जा रहा है। राजनीतिक रोटी सेकने के लिए हर वर्ग को गुमराह कर रहा है। यही वजह है कि रोजगार, नियोजन नीति जैसे अति महत्वपूर्ण विषय आज खत्म होने के कगार पर हैं। आरक्षण को लेकर सरकार की मंशा स्पष्ट नहीं है सरकार की नीति और निर्णय उलझाने वाले हैं।  


बुद्धिजीवियों को सरकार के कार्यों, नीतियों पर नजर रखने की जरूरत
सुदेश महतो ने कहा कि संस्कृतिकर्मी, साहित्यकार, लेखक, कवि, शिक्षाविद, झारखंड आंदोलनकारी आज अपने ही राज्य में गुमनामी की जिंदगी जीने को मजबूर हैं। इन चुनौतीपूर्ण एवं विपरीत परिस्थितियों में बुद्धिजीवियों की भूमिका और बड़ी हो जाती है। वर्तमान, भूत और भविष्य की बेहतरीन समझ रखने वाले तथा झारखंडी इतिहास एवं राजनीति का लंबा अनुभव समेटे हुए बुद्धिजीवियों को सरकार के कार्यों, नीतियों तथा क्रिया-कलापों पर नजर बनाए रखने की जरूरत है। बुद्धिजीवियों की जिम्मेदारी सामान्य लोगों की जिम्मेदारियों से कहीं बड़ी है। वर्तमान और भविष्य के चिंतन-मंथन तथा समाज को सही दिशा प्रदान करने में उनकी भागीदारी काफी अहम है। बुद्धिजीवियों को सजग एवं जागरुक नागरिक के साथ-साथ सशक्त प्रतिपक्ष की भी भूमिका निभानी होगी, यही समय की मांग है।
हाथ पकड़कर, एकजुट होकर आगे बढ़ना होगा
सुदेश महतो ने सभी बातें आजसू पार्टी के केंद्रीय कार्यालय में आयोजित अखिल झारखंड बुद्धिजीवी मंच के प्रतिनिधि सम्मेलन में कहा है। संगठनात्मक संरचना के साथ आजसू बुद्धिजीवी मंच पूरे राज्य में वैचारिक क्रांति का सबसे बड़ा मंच है। बुद्धिजीवियों के मार्गदर्शन में ही राज्य का नवनिर्माण संभव है। झारखंड को सशक्त, शिक्षित एवं संगठित बनाने के लिए हमें एक दूसरे का हाथ पकड़कर, एकजुट होकर आगे बढ़ना होगा।


सरकार की कथनी और करनी में अंतर
प्रतिनिधि सम्मेलन को संबोधित करते हुए अखिल झारखंड बुद्धिजीवी मंच के प्रदेश अध्यक्ष डोमन सिंह मुंडा ने कहा कि सरकार की कथनी और करनी में अंतर है। जनता के मतों का विश्वास लेने के बाद सरकार सदन के अंदर उस संचित विश्वास का लगातार घात कर रही है। सरकार ने चुनाव से पहले समाज के सभी वर्गों के उत्थान हेतु सैकड़ों वादे किए। लेकिन सभी वादे को एक-एक कर तोड़ा जा रहा है। ये सीधे तौर से विश्वास मत का विश्वासघात है, जनादेश का अपमान है। झारखंड सरोकार से जुड़ी माटी की पार्टी आजसू पार्टी इसे कतई बर्दाश्त नहीं करेगी।
एकजुट होकर जनविषयों के प्रति जनचेतना का करें कार्य
मौके पर उपस्थित अखिल झारखंड बुद्धिजीवी मंच के रांची जिलाध्यक्ष डॉ.मुकुंद चंद्र मेहता ने राज्य के बुद्धिजीवियों से आह्वान करते हुए कहा कि सभी एकजुट होकर जनविषयों के प्रति जनचेतना लाने का कार्य करें। बुद्धिजीवी अपनी बौद्धिक ऊर्जा को सकारात्मक दिशा देते हुए, राज्य के नागरिकों को सचेत, सावधान एवं जागरुक बनाने में लगाए।