logo

गुमला : रायडीह में 2 नवजातों की खरीद-बिक्री का मामला, 15 दिन के अंदर करीब 2 लाख में बेचे गए 2 मासूम

sr686.jpg

द फॉलोअप डेस्क
गुमला जिला के रायडीह प्रखंड में नवजात शिशुओं की खरीद-बिक्री का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। बीते 15 दिनों के भीतर दो नवजात शिशुओं को पैसों के एवज में बेचे जाने की जानकारी मिली है। इस पूरे प्रकरण में रायडीह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की एक बीटीटी की संलिप्तता सामने आई है, जो बिचौलिया की भूमिका निभा रही थी। उसने दंपतियों को बहला-फुसलाकर गोद लेने के नाम पर नवजातों को तीसरे पक्ष को सौंप दिया, जिसके बदले उन्हें नगद राशि दी गई।
पहली घटना रायडीह कुड़ोछतरपुर पंचायत क्षेत्र के रायडीह राजस्व गांव की है। यहां की रहने वाली सुमन एक्का, पति जस्टीन एक्का, को 10 सितंबर की सुबह लगभग 3 बजे प्रसव पीड़ा हुई। उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रायडीह में भर्ती कराया गया, जहां उसी दिन सुबह उसने एक बालक को जन्म दिया।

डिलीवरी के बाद बीटीटी ने मौके का फायदा उठाते हुए दंपति को अपने झांसे में ले लिया। दंपति के पहले से तीन संतानें थीं, इस कारण वे आसानी से बहकावे में आ गए। बीटीटी ने बच्चे को गोद लेने के नाम पर अन्य पक्ष से संपर्क किया और उन्हें अस्पताल बुलाकर नवजात को दिखाया। 12 सितंबर को अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद बीटीटी और नवजात को गोद लेने वाली पार्टी ने दंपति को कार से उनके घर पहुंचाया। घर के बाहर ही दंपति को एक लाख रुपये नकद दिए गए और कुछ दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए गए, जिसके बाद नवजात को अपने साथ ले गए।

दूसरी घटना में रायडीह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की एक सहिया की भूमिका सामने आई है। सहिया ने बताया कि उसके एक रिश्तेदार को बच्चा चाहिए था। इस पर उसने बीटीटी से संपर्क किया, जिसने कहा कि छत्तीसगढ़ में एक नवजात उपलब्ध है, लेकिन उसके लिए एक लाख रुपये खर्च करने होंगे।
इसके बाद 23 सितंबर को बीटीटी सहिया को लेकर छत्तीसगढ़ के एक अस्पताल गई, जहां से नवजात को लेकर रायडीह लौटी। रायडीह पहुंचने के बाद सहिया नवजात को लेकर रांची गई और उसे अपने रिश्तेदार को सौंप दिया। इसके एवज में सहिया को 90,000 रुपये नकद दिए गए और 10,000 रुपये बीटीटी के खाते में जमा किए गए। जब इस मामले पर बीटीटी से संपर्क किया गया, तो उसने बच्चों के एवज में किसी प्रकार की राशि लेने से इनकार किया।
इस पूरे प्रकरण पर रायडीह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सक डॉ. राजीव कुमार ने पुष्टि की कि 10 सितंबर को सुमन एक्का नामक महिला ने एक बालक को जन्म दिया था। वहीं, गुमला सदर अस्पताल के सिविल सर्जन ने कहा कि यह मामला पहली बार आपके माध्यम से संज्ञान में आया है। वे इस पर गंभीरता से जांच करवाएंगे।


 

Tags - Gumla news updates latest Gumla News Gumla Updates Gumla news updates latest latest Jharkhand news updates latest Gumla news Guml Updates latest Gumla news updates latest Gumla updates Gumla news in hindi