द फॉलोअप टीम, रांचीः
प्रदेश में मानव तस्करी के खिलाफ काम करने वाली नामचीन एक्टिविस्ट और दीया सेवा संस्थान की सचिव सीता स्वांसी और उनके छोटे बेटे पर बरियातू थाना में FIR दर्ज हुआ है। 13 साल की एक बच्ची के बयान पर बरियातू थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई। पीड़िता ने बताया है कि पिछले चार-पांच महीनों से सीता स्वांसी का छोटा बेटा उससे छेड़छाड़ करता है। पीड़िता ने बताया कि छेड़छाड़ से परेशान होकर उसने सीता के बेटे को थप्पड़ मारा और किसी तरह अपनी जान बचा कर घर से निकल गई।
उसने बताया कि कुछ लोगों के सहयोग से प्रेमाश्रय पहुंची जहां उसकी प्राथमिकी दर्ज की गयी। बच्ची ने कहा है कि वो अब दीया सेवा संस्थान नहीं जाना चाहती है। पुलिस ने बच्ची के बयान के आधार पर FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पढ़ाई की जगह लिया जाता था घरेलु काम
FIR में बताया गया है कि पढ़ाई-लिखाई के नाम पर बच्ची को दीया सेवा संस्थान के हॉस्टल में रखा गया था। बच्ची के दो भाई को भी उसी हॉस्टल में रखा गया था। आरोप है कि पढ़ाई-लिखाई के नाम पर लाया गया था लेकिन उससे घरेलु काम लिया जाने लगा।
शिकायत करने पर प्रताड़ित किया जाता था
शिकायत में उसने कहा कि हॉस्टल में रहकर पढ़ाई के नाम पर उसके माता-पिता उसे सीता स्वांसी के संस्थान में रखकर गुजरात चले गए। बच्ची ने बताया कि संस्था में रहने के दौरान कभी-कभी संस्था के स्टाफ उसे पढ़ाई करवाते।
ज्यादा समय किचन की साफ सफाई, बर्तन धोना, खाना बनाना सहित अन्य काम कराये जाते थे। बच्ची ने बताया कि उसे भरपेट खाना भी नहीं दिया जाता था। शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित भी किया जाता था।