logo

1.25 करोड़ मनरेगा मजदूरों को 2 माह से नहीं मिला वेतन, 300 करोड़ रुपये की है जरूरत

16508news.jpg

द फॉलोअप टीम, रांचीः
झारखंड में एक बड़ी आबादी मनरेगा पर आश्रित है। सैकड़ों परिवार मनरेगा मजदूरी से मिलने वाले पैसे से ही अपना घर चलाते है, लेकिन जरा सोचिए कि पिछले 2 महीनों से मजदूरों को उनका मेहताना नहीं मिला हो तो उनकी आजीविका कैसे चल रही होगी। खबर आ रही है कि मनरेगा मजदूरों को करीब 2 महीने से मजदूरी नहीं मिली है। केंद्र से पैसा नहीं मिलने की वजह से मनरेगा मजदूरों का भुगतान नहीं हो पाया है। वहीं अब मजदूरों के भुगतान के लिए करीब 300 करोड़ की राशि चाहिए। जबकि केंद्रीय ग्रामीण विकास विभाग कह रहा है कि मनरेगा मजदूरों के भुगतान के लिए राशि जारी कर दी गयी है।

 

1.25 करोड़ मानव दिवस को भुगतान 
दरअसल केंद्र सरकार ने झारखंड को मानव दिवस के लिए सात करोड़ राशि दे दी गयी है, जबकि यहां 8.25 करोड़ मानव दिवस सृजित हुए हैं।  ऐसे में 1.25 करोड़ मानव दिवस अधिक हैं। जिनके भुगतान के लिए 300 करोड़ रुपये चाहिए। दो दिन पहले ही केंद्रीय ग्रामीण विकास सचिव एनएन सिन्हा रांची आए थे।  वह एक कार्यक्रम में भी शामिल हुए थे। मनरेगा मजदूरों की समस्या का समाधान नहीं करके गये। 

इस जिले में इतनी राशि बकाया
बोकारो- 12.29 करोड़, चतरा-10.97 करोड़, देवघर- 22.41 करोड़, धनबाद- 9.47 करोड़, दुमका- 19.34 करोड़, पू सिंहभूम- 6.96 करोड़, गढ़वा- 38.55 करोड़, गिरिडीह- 33.41 करोड़, गोड्डा- 11.97 करोड़, गुमला- 6.06 करोड़, हजारीबाग- 21.45 करोड़, जामताड़ा-12.28 करोड़, खूंटी- 2.66 करोड़, कोडरमा- 7.07 करोड़, लातेहार – 7.90 करोड़, लोहरदगा- 2.95 करोड़, पाकुड़- करोड़ 6.87, पलामू- 18.98 करोड़, रामगढ़- 5.27 करोड़, रांची- 10.65 करोड़, साहिबगंज- 8.46 करोड़, सरायकेला- 10.40 करोड़, सिमडेगा- 5.0 करोड़, प सिंहभूम- 7.5 करोड़ रुपये हैं।