पटना
महाशिवरात्रि के दिन बिहार की राजनीति में अचानक हलचल तेज हो गई, जब राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी दिल्ली के लिए रवाना हो गए। माना जा रहा है कि दोनों दिल्ली में राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश हो सकते हैं।
इससे पहले बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भी राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश हो चुके हैं। दरअसल, चर्चित लैंड फॉर जॉब मामले में अदालत ने लालू यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव और तेज प्रताप यादव को पेशी के लिए एक माह का समय दिया था। 1 फरवरी से 25 फरवरी के बीच अदालत में उपस्थित होने का निर्देश जारी किया गया था।
तेजस्वी पहले ही कर चुके हैं पेशी
29 जनवरी की सुनवाई में अदालत ने आरोपों के औपचारिक गठन से पहले संबंधित सभी आरोपितों को निर्धारित समयसीमा के भीतर उपस्थित होने को कहा था। इसके बाद 9 फरवरी को तेजस्वी यादव दिल्ली में अदालत के समक्ष पेश हुए। इस दौरान उन्होंने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार करते हुए कहा कि वे कानूनी लड़ाई लड़ेंगे और अदालत में आरोपों का सामना करेंगे।
क्या है लैंड फॉर जॉब मामला?
लैंड फॉर जॉब मामला बिहार और केंद्र की राजनीति से जुड़ा चर्चित प्रकरण है। आरोप है कि 2004 से 2009 के बीच जब लालू प्रसाद यादव केंद्र सरकार में रेल मंत्री थे, उस दौरान रेलवे में ग्रुप-डी की नौकरियों के बदले अभ्यर्थियों या उनके परिजनों से जमीन ली गई।
जांच एजेंसियों के अनुसार, कई उम्मीदवारों से पटना और आसपास के क्षेत्रों में स्थित जमीनें रियायती दर पर या दान के रूप में लालू परिवार के सदस्यों और उनसे जुड़ी कंपनियों के नाम कराई गईं। बाद के वर्षों में इन जमीनों की कीमत में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई। फिलहाल, अदालत में निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी आरोपितों की उपस्थिति को लेकर राजनीतिक और कानूनी हलकों में नजरें टिकी हुई हैं।