पटना
पटना में छात्रों ने TRE-4 परीक्षा से पहले STET परीक्षा कराए जाने की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की शुरुआत भिखना पहाड़ी से हुई और यह पटना विश्वविद्यालय तक पहुंचा। प्रदर्शनकारी छात्रों के हाथों में तख्तियां थीं जिन पर लिखा था – "STET नहीं तो वोट नहीं"। छात्रों का कहना है कि जब तक STET की परीक्षा नहीं कराई जाती, तब तक TRE-4 का आयोजन करना एक छलावा है। उनका आरोप है कि सरकार पिछले डेढ़ साल से STET परीक्षा आयोजित नहीं कर रही है, जिससे दो सत्रों के लगभग पांच लाख छात्र इस परीक्षा से वंचित रह गए हैं। छात्रों ने कहा कि वे गांधी मैदान और डाक बंगला चौराहा होते हुए मुख्यमंत्री आवास तक मार्च करेंगे और अपनी मांगें सरकार के सामने रखेंगे।

प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्राएं भी शामिल रहीं। कई छात्र तिरंगा लेकर नारेबाजी करते हुए नजर आए। इस दौरान शहर के कई हिस्सों में जाम की स्थिति बन गई। छात्रों का कहना है कि वे सरकार से नौकरी नहीं, बल्कि केवल पात्रता की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि जब सरकार ने डोमिसाइल लागू किया है, तो STET परीक्षा आयोजित करने में देरी क्यों की जा रही है। छात्रों ने शिक्षा विभाग से पारदर्शिता और समय पर परीक्षाएं आयोजित करने की मांग की।
प्रदर्शन को देखते हुए पटना में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। जेपी गोलंबर के पास पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर छात्रों को रोका, हालांकि कुछ छात्र बैरिकेडिंग पर चढ़ते भी नजर आए। भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर प्रशासन ने हालात को संभालने की कोशिश की। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि जब तक सरकार उनकी मांगें नहीं मानती, आंदोलन जारी रहेगा।
