द फॉलोअप डेस्क
हजारीबाग के 16 सरकारी स्कूलों में लगातार पांच साल से मैट्रिक और इंटरमीडिएट का परिणाम खराब रहने पर डीईओ ने प्रधानाध्यापकों को स्पष्टीकरण के लिए नोटिस जारी किया है। शिक्षा विभाग ने इन स्कूलों को चिन्हित किया है। इसके बाद सात उच्च विद्यालय और नौ प्लस टू स्कूलों के कुल 16 प्रभारी प्रधानाध्यापकों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। डीईओ ने इस संबंध में 10 अक्टूबर को नोटिस जारी किया है। इसमें सभी प्रधानाध्यापकों को एक सप्ताह के भीतर जवाब देने का निर्देश दिया गया है।
डीईओ ने अपने पत्र में स्पष्ट किया है कि 2021 से 2025 तक के पांच वर्षों का डेटा स्कूलों ने उपलब्ध कराया है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, सात उच्च विद्यालय का मैट्रिक परिणाम और नौ प्लस टू स्कूलों का इंटरमीडिएट (विज्ञान संकाय) परिणाम जिला स्तर पर सबसे निचले स्तर का पाया गया है, जो विभागीय नियमों के खिलाफ है। डीईओ हजारीबाग परवीन रंजन का कहना है कि हजारीबाग जिले के 16 स्कूलों में लगातार पांच वर्षों से मैट्रिक और इंटरमीडिएट का परिणाम सुधारने में कोई सफलता नहीं मिली है। सभी संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद परिणाम में सुधार नहीं हो सका है। कई शिक्षक पाठ्यक्रम समय पर पूरा नहीं कर पा रहे हैं। स्पष्ट पत्र जारी कर सभी प्रधानाध्यापकों से निर्धारित समय सीमा के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है। यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है, तो शिक्षकों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मांगे गए स्पष्टीकरण में उच्च विद्यालय स्कूल जो शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों दोनों में स्थित हैं, उनमें शामिल हैं:
बिहारी बालिका उच्च विद्यालय
एसएन प्लस टू उच्च विद्यालय, हरली
उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय, दिगवार
उत्क्रमित उच्च विद्यालय, टोंगी
उत्क्रमित उच्च विद्यालय, सिंदूर
उत्क्रमित उच्च विद्यालय, बभनवै
उत्क्रमित उच्च विद्यालय, आंगो चुरचू
आरएन प्लस टू उच्च विद्यालय, पदमा प्रखंड
एसएन प्लस टू उच्च विद्यालय, हरली, बड़कागांव प्रखंड
परियोजना प्लस टू उच्च विद्यालय, चरही
परियोजना प्लस टू उच्च विद्यालय, गौरियाकरमा, बरही प्रखंड
उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय, देवकुली, इचाक प्रखंड
उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय, तिलरा कवातू, इचाक प्रखंड
उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय, सारूकुदर, विष्णुगढ़ प्रखंड
उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय, चानो, विष्णुगढ़ प्रखंड
उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय, कपका, बरकट्ठा प्रखंड
