द फॉलोअप डेस्क
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने राज्य में हो रहे कोयले की अवैध तस्करी पर राज्य सरकार पर बड़ा निशाना साधा है. उन्होंने कहा, "झारखंड में मुख्यमंत्री, पुलिस अधिकारी और उग्रवादी संगठन आपसी गठजोड़ बनाकर बनारस की मंडियों में कोयला तस्करी करा रहे हैं। कोयला का काला खेल अब सिर्फ धनबाद, बोकारो और रामगढ़ तक में सीमित नहीं, बल्कि पलामू और लातेहार जैसे जिलों में भी अपने पांव पसार चुका है।"
उन्होंने आगे कहा, "ख़बरों के मुताबिक़ प्रतिदिन हजारों टन कोयला सिर्फ़ एक पलामू के रास्ते बिहार के डेहरी और उत्तर प्रदेश के बनारस पहुंचाया जा रहा है, जिससे प्रतिमाह होने वाली 15 करोड़ रुपये की अवैध कमाई का बंटवारा मुख्यमंत्री, उग्रवादी संगठन और पुलिस अधिकारियों के बीच होता है। अगर पूरे राज्य के अलग-अलग रास्ते से गुज़रने वाले चोरी के कोयले से होने वाली काली कमाई की बात करें तो यह अनुमान लगाया जा सकता है कि रोज़ाना कितने करोड़ की काली कमाई की जा रही है? शायद झारखंड ही ऐसा राज्य हो, जहां अपराधी, पुलिस और सत्ता की सांठगांठ से प्रदेश के संसाधनों को खुलेआम लूटा जा रहा है। न जाने कैसे-कैसे दिन दिखाएगी हेमंत सोरेन जी की भ्रष्टाचारी सरकार?"
