सुशील सिंह/गुमला
गुमला जिले में वज्रपात ने दो किसानों की जिंदगी पर बड़ा संकट खड़ा कर दिया है। घाघरा थाना क्षेत्र के तेंदार पाकइरकोना गांव में आकाशीय बिजली गिरने से 10 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद प्रभावित परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है। किसानों ने प्रशासन से मुआवजे की मांग की है। जानकारी के अनुसार, मारियानुस मुंडा की दो गाय और छह बैल तथा सोनू मुंडा के दो बैल आयता डोडा नामक स्थान पर चर रहे थे। इसी दौरान अचानक मौसम बदल गया और तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए सभी मवेशी एक पेड़ के नीचे जाकर खड़े हो गए। तभी अचानक वज्रपात हुआ और सभी मवेशी उसकी चपेट में आ गए। घटना में कुल 10 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई।

किसानों के सामने खड़ा हुआ आजीविका का संकट
मवेशियों की मौत से दोनों किसान परिवार गहरे सदमे में हैं। मारियानुस मुंडा और सोनू मुंडा ने बताया कि खेती-किसानी के लिए उनके पास मवेशियों के अलावा कोई दूसरा साधन नहीं है। बरसात का मौसम शुरू होने वाला है और इसी समय खेती की तैयारी करनी होती है। ऐसे में सभी मवेशियों का एक साथ मर जाना उनके लिए किसी बड़ी त्रासदी से कम नहीं है।

मुआवजे की मांग, प्रशासन से लगाई गुहार
पीड़ित किसानों का कहना है कि अब उनके सामने खेती करने और परिवार का भरण-पोषण करने की गंभीर चुनौती खड़ी हो गई है। दोनों परिवारों ने प्रशासन से उचित मुआवजा देने और आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है। ग्रामीणों ने भी प्रशासन से जल्द सर्वे कर प्रभावित किसानों को राहत देने की अपील की है। घटना के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है। मौसम विभाग लगातार वज्रपात और बारिश को लेकर चेतावनी जारी कर रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि बारिश और गरज-चमक के दौरान लोगों और पशुओं को खुले मैदान तथा पेड़ों के नीचे खड़ा करने से बचना चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं से बचाव हो सके।