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हेमंत सोरेन ने की अर्जुन मुंडा की तारीफ, बाबूलाल हो सकते हैं असहज

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द फॉलोअप डेस्क
आदिवासी बहुल झारखंड का नेता कौन? क्या खास, क्या आम... हर किसी के मन में यह सवाल, जवाब के साथ रहता है. हर कोई अपने-अपने पसंदीदा दल के आदिवासी नेता को ही बड़ा नेता मानता है. लेकिन जब किसी दूसरे दल का आदिवासी नेता खुद से किसी और दल के आदिवासी नेता की तारीफ कर दे तो यह खबर बन जाती है. दरअसल बड़ी खबर ये है कि हेमंत सोरेन ने अर्जुन मुंडा की तारीफ की है. मुख्यमंत्री हेमंत ने तारीफ करते हुए कहा है कि अर्जुन मुंडा के आदिवासी मामलों के मंत्री बनने के बाद से झारखंड में आदिवासियों की बेहतरी में काम होना शुरू हुआ है. हेमंत यहीं नहीं रुके, उन्होंने उम्मीद जताई कि जबतक अर्जुन मुंडा आदिवासी मामलों के केंद्रीय मंत्री रहेंगे, यह काम जारी रहेगा. सीएम खूंटी में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का स्वयं सहायता समूह की दीदियों के साथ संवाद कार्यक्रम में बोल रहे थे. अर्जुन मुंडा को लेकर मुख्यमंत्री हेमंत के इस बयान पर अब तरह-तरह की बातें हो रही हैं.

कहीं मोरल डाउन करने का तरीका तो नहीं
दरअसल झारखंड में भाजपा बाबूलाल मरांडी को नेता के तौर पर आगे लेकर बढ़ रही है. दूसरी ओर झारखंड में हेमंत सोरेन और बाबूलाल मरांडी के बीच तल्ख रिश्ते किससे छिपा है? आलम यह है कि पिछले साढ़े 3 साल से भाजपा बाबूलाल मरांडी को नेता प्रतिपक्ष बनाने को लेकर हाईकोर्ट तक चक्कर लगा रही है. ऐसे में अर्जुन मुंडा की तारीफ बाबूलाल और उनके चाहने वालों का मोरल डाउन करने का तरीका माना जा रहा है. वैसे राजनीति में कुछ भी संभव है. यहां किसी का विरोध किसी और को फायदा पहुंचा सकता है तो यह भी संभव है कि किसी की तारीफ किसी दूसरे को नुकसान भी कर सकता है. हेमंत सोरेन को इस चाल से कितना फायदा पहुंचेगा यह तो पता लगाना फिलहाल संभव नहीं है. लेकिन खुद की तारीफ सुन अर्जुन मुंडा जरूर गदगद होंगे.