द फॉलोअप डेस्क
गोड्डा जिला के पथरगामा प्रखंड के ग्राम कमलडीहा निवासी संजीव कुमार लू के 13 वर्षीय पुत्र समर कुमार लू बीते 2 जून 2025 को शाम करीब 3 से 4 बजे के बीच मोटर पंखा खरीदने के लिए स्थानीय बाजार पथरगामा गया था। वह टोटो से पथरगामा के स्थानीय टोटो स्टैंड, महेंद्र स्वर्णकार की दुकान के समीप उतरा, लेकिन इसके बाद वे घर वापस नहीं लौटा। शाम होते-होते जब समर घर नहीं पहुंचा तो परिजनों ने उसे कई स्थानों पर ढूंढा। रिश्तेदारों से भी संपर्क किया गया, लेकिन कोई सुराग नहीं मिल पाया। इसके बाद परिजनों ने स्थानीय पथरगामा थाना में गुमशुदगी का आवेदन दिया।
अब तक समर कुमार को लापता हुए 26 दिन बीत चुके हैं, लेकिन न तो समर का कोई पता चला है और न ही प्रशासन कोई ठोस जानकारी दे पाया है। लगभग एक महीना होने को है, लेकिन अब तक उसका कोई अता-पता नहीं चल पाया।
वहीं, परिजनों ने पथरगामा थाना पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि आवेदन देने के बावजूद कोई जानकारी नहीं मिली। इस मामले को लेकर पुलिस उन्हे अनसुना कर रही है।
इसके बाद परिजन गोड्डा पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार के कार्यालय पहुंचे और उन्हें अपनी समस्या बताई। एसपी ने तत्काल स्थानीय पथरगामा थाना को निर्देश देते हुए कहा कि 'दो दिन के अंदर बच्चा चाहिए'।
इसके बाद परिजनों से फिर से आवेदन लिखवाया गया और मामला दर्ज किया गया, लेकिन आज तक समर कुमार का कोई पता नहीं चला। समर कुमार लू के लापता हुए 26 दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक कोई सफलता नहीं मिली है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने सिर्फ थाना ही नहीं, बल्कि एसपी, डीएसपी, झारखंड सरकार, DGP, CMO और PMO तक आवेदन भेजा है। अब देखना यह है कि क्या प्रशासन समर कुमार को ढूंढ पाएगा या परिजन यूं ही भटकते रहेंगे।
