logo

मणिपुर में सरकार बनते ही हिंसा, कूकी विधायकों के बीजेपी सरकार में शामिल होने पर उग्र प्रदर्शन, डिप्टी CM नेमचा के पुतले फूंके

GUN0111.jpg

मणिपुर

मणिपुर के पहाड़ी जिलों में शुक्रवार को हालात फिर तनावपूर्ण हो गए। हजारों लोगों ने तीन Kuki-Zo विधायकों के राज्य सरकार में शामिल होने के खिलाफ सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने डिप्टी सीएम नेमचा किपगेन समेत एलएम खौटे और एन सनाते के पुतले फूंके और इस्तीफे की मांग की।

दरअसल, राज्य में दोबारा बीजेपी सरकार के गठन के साथ ही हिंसा की घटनाएं सामने आने लगीं। बुधवार को राष्ट्रपति शासन समाप्त होने के बाद बीजेपी नेता युमनम खेमचंद सिंह ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। इसके तुरंत बाद कुकी-जो समुदाय के विधायकों के नई सरकार में शामिल होने का विरोध तेज हो गया। गुरुवार शाम से ही कई इलाकों में झड़प और तनाव की खबरें आने लगीं।

चुराचांदपुर जिले में शुक्रवार को सामान्य जनजीवन पूरी तरह ठप रहा। कुकी-जो समुदाय के दो संगठनों ने सरकार के गठन के विरोध में पूर्ण बंद का ऐलान किया। अधिकारियों के मुताबिक, सुबह से ही कुकी बहुल इलाकों में बंद प्रभावी रहा। मुख्यालय शहर में बंद समर्थक लाठियां लेकर सड़कों पर उतरे, कई जगहों पर वाहनों को रोका गया और बाजार पूरी तरह बंद रहे। सरकारी दफ्तरों और स्कूल-कॉलेजों में उपस्थिति बेहद कम रही। हालात काबू में करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले भी छोड़ने पड़े।

इस बीच, चुराचांदपुर में Kuki Women Organisation for Human Rights और Indigenous Tribal Leaders Forum (ITLF) के महिला विंग के संयुक्त तत्वावधान में एक बड़ी रैली निकाली गई। मार्च कोइते प्लेग्राउंड से शुरू होकर करीब तीन किलोमीटर दूर ‘वॉल ऑफ रिमेंबरेंस’ तक पहुंचा। रैली के दौरान “We don’t want a popular government” और “Don’t play with our blood” जैसे नारे लगे। प्रदर्शनकारियों ने ‘Separate Administration’ की मांग दोहराई और आरोप लगाया कि संबंधित विधायकों ने सरकार में शामिल होकर समुदाय की भावनाओं के साथ विश्वासघात किया है। नेमचा किपगेन के डिप्टी सीएम बनाए जाने पर खास नाराजगी देखने को मिली।

कांगपोकपी जिले के सैकुल और तेंगनौपाल जिले के मोरेह में भी इसी तरह के प्रदर्शन हुए। तीनों विधायकों के पुतले जलाए गए और किपगेन के इस्तीफे की मांग उठी। स्थिति को देखते हुए चुराचांदपुर, कांगपोकपी और फर्जावल जिलों में संबंधित विधायकों के घरों के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है। मणिपुर के मंत्री गोविंदास कोंथौजम ने कहा कि चुराचांदपुर में कुछ व्यवधान जरूर हैं, लेकिन हालात नियंत्रण में हैं। उन्होंने माना कि लोगों में नाराजगी है, हालांकि बड़ी संख्या में लोग शांति और सामान्य स्थिति की वापसी चाहते हैं।

Tags - Nationa। News Nationa। News Update Nationa। News।ive