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डरिए नहीं, सतर्क रहिए, इसलिए झारखंड में बढ़ रही है कोरोना मरीजों की संख्या

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द फॉलोअप टीम
पिछले कई दिनों से झारखंड में कोरोना मरीजों की संख्या में खासा इजाफा देखा जा रहा है। जाहिर तौर पर आंकड़ें डरानेवाले हैं। क्योंकि पहले जहां 40 से 50 केस रोजाना आते थे। अब 300 के आसपास या उससे ज्यादा मामले एक रोज में सामने आ रहे हैं। लेकिन क्या इससे डरने की जरूरत है? द फॉलोअप की टीम ने इसी बात की पड़ताल की है कि आखिर संक्रमितों की संख्या में इतनी बढ़ोतरी क्यों हो रही है। परिणाम से हम आपको विस्तार पूर्वक अवगत कराएंगे लेकिन इतना समझ लीजिए कि जो सार है उससे ये कहना गलत नहीं होगा कि डरने की बजाय संभलने और सतर्क रहने की जरूरत है।
क्यों बढ़ रहे हैं आंकड़े ?
कोरोना मरीजों की संख्या में दिन ब दिन होते इजाफा के पीछे सबसे बड़ा कारण है जांच का दायरा बढ़ना। पड़ताल के दौरान ये बातें सामने आई है कि पहले के मुकाबले झारखंड में अब तीन गुना ज्यादा सैंपलों की जांच हो रही है। यही वजह है कि संक्रमित भी छह गुना ज्यादा मिलने लगे हैं। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक 16 जून तक झारखंड में रोजाना 2000 से लेकर 2100 सैंपल कलेक्ट होते थे। तब पॉजिटिव केस औसतन 30 से 50 मिल रहे थे। अब टेस्ट की संख्या बढ़कर एक दिन में 7000 तक हो गयी है, तो पॉजिटिव मरीज मिलने की संख्या पांच से छह गुना तक का इजाफा हुआ है। आपको बता दें कि 16 जून को राज्य में 34 नए मरीज मिले थे और कुल संक्रमितों की संख्या 1839 थी। महीने बाद की बात करें तो 16 जुलाई को 229 मरीज मिले और कुल संक्रमितों की संख्या 4805 हो गयी है। 
अब सभी 24 जिलों में हो रही है जांच 
16 जून तक रिम्स, इटकी, PMCH धनबाद, MGM और TMH जमशेदपुर के अलावा कुछ निजी लैब में ही कोरोना की जांच हो रही थी। लेकिन अब राज्य के सभी 24 जिलों में सैंपल कलेक्ट किए जा रहे हैं। दरअसल सभी जिलों में ट्रूनेट मशीन लगायी गयी, जिससे टेस्ट की क्षमता बढ़ गई है। निजी लैब में भी पहले जहां कोरोना टेस्ट कराने पर 4500 देने होते थे अब वो घटकर 2400 रुपये हो गए हैं। इस कारण ज्यादा से ज्यादा लोग निजी लैब में भी जांच कराने लगे हैं।
16 जुलाई से HMCH में भी जांच शुरू
16 जुलाई से हजारीबाग मेडिकल कॉलेज में भी कोरोना की जांच शुरू हो गयी है। पहले यहां के कोरोना सैंपल की जांच रिम्स या पीएमसीएच धनबाद में होती थी। पहले दिन यहां 350 सैंपल की जांच हुई। इसके साथ ही राज्य में अब एक दिन में 7000 तक टेस्ट होने लगे हैं। गुरुवार को ही 6942 टेस्ट हुए हैं, जिसमें 229 केस पॉजिटिव मिले।
अबतक 2 लाख लोगों की जांच
झारखंड में अबतक दो लाख 33 हजार 55 सैंपल की जांच हो चुकी है। हालांकि यह राज्य की कुल आबादी का एक फीसदी से भी कम है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक सैंपल कलेक्शन में लगातार तेजी लायी जा रही है। आनेवाले दिनों में इसकी गति और बढ़ेगी। 
21 जुलाई तक 10 हजार सैंपल का लक्ष्य
इस समय 7 से हजार सैंपल की जांच एक दिन में हो रही है. लेकिन स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि 21 जुलाई तक पलामू मेडिकल कॉलेज और दुमका मेडिकल कॉलेज में भी जांच होने लगेगी। तब राज्य में एक दिन में 10 हजार सैंपल की जांच की जा सकेगी। स्वास्थ्य विभाग को भरोसा है कि 21 जुलाई के बाद कोरोना मरीजों की संख्या में कमी आ सकती है।
किस जांच केन्द्र की कितनी है क्षमता ?
रांची के रिम्स की क्षमता रोजाना 1500 सैंपल कलेक्ट करने की है। एमजीएम, जमशेदपुर 800 से 1000 सैंपल कलेक्ट होते हैं। पीएमसीएच, धनबाद में 500 से 700 जांच होती है। आरोग्यशाला, इटकी में 500 से 700 सैंपल लिए जाते हैं। हजारीबाग मेडिकल कॉलेज 350 से 700 सैंपल कलेक्ट किए जाते हैं। निजी लैब में रोजाना 1 हजार सैंपल कलेक्ट किए जाते हैं। इसके अलावा सभी 24 जिलों की ट्रूनेट मशीन 1200 से 1500 सैंपल लिए जाते हैं।