द फॉलोअप डेस्क:
बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर (Bihar Education Minister Chandrashekhar) ने रामचरितमानस (Ramcharitmanas) को लेकर विवादित बयान दिया है। इस बयान के बाद पूरे देश में विरोध शुरू हो गया है। इस बयान पर हिंदी के विख्यात कवि डॉ. कुमार विश्वास (Dr. Kumar Vishwas) ने भी अपनी राय रखी है। उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। एएनआई से बात करते हुए उन्होंने कहा है कि मैं बिहार के सीएम नीतीश कुमार (Nitish Kumar) और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) से अपील करता हूं कि ऐसे व्यक्ति को अपने संगठन और अपनी सरकार से बाहर करें। सीएम नीतीश कुमार और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव के प्रति मेरे मन में बहुत ही स्नेह है। उन्हें दंडित करें।

बहुत ही अशोभनीय बयान
डॉ. कुमार विश्वास ने कहा कि बिहार के शिक्षा मंत्री ने नालंदा विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में राम कथा को विद्वेष और जहर फैलाने वाला बता रहे हैं। यह बहुत ही अशोभनीय है। शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर को लेकर दो बातें कहूंगा एक तो उन्होंने राम कथा को ठीक से पढ़ा नहीं है और दूसरा किसी एक धर्म और मत को ही वो इतना सहिष्णु मानते हैं। उस पर बोल सकते हैं। दूसरे धर्म के किसी पुस्तक पर क्या वो ऐसी बातें बोल सकते हैं?
#WATCH ये दुर्भाग्यपूर्ण है कि एक प्रदेश के शिक्षा मंत्री राम कथा को विद्वेष और जहर फैलाने वाला बताएं। CM नीतीश कुमार का मैं आदर करता हूं, तेजस्वी मेरे भाई जैसे हैं। मैं उनसे अनुरोध करता हूं कि ऐसे व्यक्ति को संगठन और सरकार से बाहर करें, क्षमा मांगने के लिए कहें:कुमार विश्वास,कवि pic.twitter.com/f3pOXZCgao
— ANI_HindiNews (@AHindinews) January 12, 2023
जुबान काटकर लाने वाले को 10 करोड़ रुपये के इनाम देंगे
अयोध्या के संतों ने भी इस बयान पर नाराजगी जाहिर की है।उन्होंने कहा है कि जिस मंत्री ने बुधवार को दावा किया था कि रामचरितमानस और मनुस्मृति समाज को बांटने वाली और नफरत फैलाने वाली किताबें हैं। इसके जवाब में तपस्वी छावनी के महंत परमहंस दास ने अब मंत्री की जुबान काट कर लाने वाले को 10 करोड़ रुपये के इनाम की घोषणा की है। साथ ही ऐसे मंत्री को तुरंत बर्खास्त करने की भी मांग की है। वहीं जगद्गुरु परमहंस आचार्य ने कहा कि मंत्री के बयान से पूरा देश आहत है।
