पटना
दरभंगा में एक पत्रकार की पिटाई को लेकर बिहार की राजनीति गरमा गई है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की कैबिनेट के मंत्री जीवेश मिश्रा पर सीधे तौर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि पत्रकार से सड़क पर बदसलूकी और मारपीट मंत्री के इशारे पर हुई, जिसमें खुद मंत्री भी शामिल थे।
तेजस्वी यादव ने सोमवार को एक वीडियो जारी कर कहा कि पत्रकार धीरज पर हमला लोकतंत्र और पत्रकारिता पर सीधा हमला है। उन्होंने एलान किया कि वे दरभंगा जाकर पीड़ित पत्रकार को थाने लेकर जाएंगे और मंत्री मिश्रा के खिलाफ केस दर्ज कराएंगे। इसी सिलसिले में वे सिंहवाड़ा थाने पहुंचे और जीवेश मिश्रा के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। तेजस्वी ने चेतावनी दी कि अगर पुलिस कार्रवाई नहीं करती है तो राज्यव्यापी चक्का जाम होगा।

तेजस्वी ने आरोप लगाया कि जीवेश मिश्रा पर पहले से ही नकली दवाओं की सप्लाई करने का मामला दर्ज है, इसके बावजूद मुख्यमंत्री ने उन्हें मंत्रिमंडल में जगह दी। उन्होंने कहा, “यह साफ है कि बिहार में कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। क्या यही सुशासन है? मंत्री खुलेआम पत्रकार को गाली दें और मारें, फिर भी पुलिस चुप रहे?”
उन्होंने सवाल उठाया कि गरीबों को तो मामूली मामलों में जेल भेजा जाता है, लेकिन मंत्री स्तर के लोग अपराध करके भी बच जाते हैं। तेजस्वी ने कहा, “यह साफ संकेत है कि बिहार में जंगलराज लौट आया है। पत्रकार लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है, अगर वही सुरक्षित नहीं रहेगा तो आम जनता की आवाज कौन उठाएगा?” तेजस्वी ने प्रधानमंत्री से भी अपील की कि वे इस मामले में दखल दें और जीवेश मिश्रा को बर्खास्त कर उनकी गिरफ्तारी सुनिश्चित करें।
