द फॉलोअप डेस्क
रांची के मोरहाबादी मैदान में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा आयोजित नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में पिता-पुत्र की जोड़ी को एक साथ सरकारी शिक्षक का नियुक्ति पत्र सौंपा गया है। ये पिता-पुत्र की जोड़ी धनबाद के दक्षिणी टुंडी कदैया गांव के रहनेवाले हैं। एक तरफ जहां पिता यादव सेन जनवरी 2007 में पारा शिक्षक के तौर पर केशका मध्य विद्यालय में नियुक्त हुए थे। उन्होंने 2013 तथा 2016 में जे-टेट तथा सी-टेट में उत्तीर्ण हुए। तब से आज तक लगातार सरकारी शिक्षक की लिए प्रयत्नशील थे। और अब जाकर उन्होंने सहायक आचार्य बनने में सफलता हासिल की।
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वहीं पिता की ख्वाहिश थी कि हमारा बेटा भी सरकारी टीचर बनें। जिसको लेकर अपने पुत्र मृणाल सेन को प्राथमिक शिक्षा से लेकर एमए तक शिक्षा दिलाई। इस दौरान अपने पुत्र को हमेशा आज्ञाकारी के साथ संस्कार देकर पढ़ाई के प्रति जोश भरते गए व पुत्र मृणाल सेन ने पिता के आज्ञा के अनुसार पढ़ाई कर 2016 में जे-टेट वहीं सी-टेट में दोनों यानी 1-5 तथा 6-8 की परीक्षा पास की।
पुत्र मृणाल सेन पिछले लगभग दो वर्षों से पेमिया ऋषिकेश मेमोरियल पब्लिक स्कूल में शिक्षक के तौर पर कार्यरत थे। और अब उन्होंने जीवन की सफलता पाई। इस सफलता का श्रेय व प्रेरणा स्रोत वे कदैया गांव के स्व सेवानिवृत्त शिक्षक सह ज्योतिषाचार्य सुदर्शन उपाध्याय को देते हैं । 
शिक्षक यादव सेन बताते हैं कि "जब भी वे स्व उपाध्याय जी के पास बैठते थे तो उनके प्रिय वचन विद्या दानं महा दानं की बातें आज भी जेहन में याद कर भूलें नहीं भूलाते।" इन दोनों के शिक्षक बनने पर विधायक मथुरा प्रसाद महतो सहित कई लोगों ने बधाई व शुभकामनाएं दी हैं।