द फॉलोअप डेस्क
गुमला डीसी प्रेरणा दीक्षित ने क्षेत्र भ्रमण के क्रम में गुमला के जारी प्रखंड के जरड़ा पंचायत अंतर्गत अति सुदूरवर्ती क्षेत्र नवाटोली ग्राम स्थित मंगरूतला टोले का दौरा किया। इस टोले में कुल 28 परिवार निवास करते हैं, जिनकी जनसंख्या लगभग 130 है। यहाँ मुख्य रूप से खरवार समुदाय के लोग रहते हैं, जबकि लगभग चार से पांच परिवार पीवीटीजी समुदाय के हैं। उपायुक्त ने पैदल लगभग तीन किलोमीटर की दूरी तय करते हुए गांव पहुँचकर ग्रामीणों से मुलाकात की। स्थानीय लोगों ने कुछ दिनों पूर्व जन शिकायत निवारण दिवस में उपायुक्त से मिलकर गांव की समस्याओं से अवगत कराया था, जिसके मद्देनज़र उपायुक्त ने स्वयं इस क्षेत्र का दौरा करने का निर्णय लिया।
दौरे से पूर्व सभी परिवारों का सर्वे कर यह सुनिश्चित किया गया कि किन योजनाओं का लाभ अभी तक नहीं मिला है। इसी क्रम में उपायुक्त के निर्देश पर विभिन्न विभागों द्वारा आज विशेष शिविर आयोजित किया गया, जिससे ग्रामीणों को आवश्यक सेवाओं का लाभ प्रदान किया गया। हॉर्टिकल्चर विभाग ने ग्रामीणों को मशरूम और अन्य उत्पादों के उत्पादन संबंधी प्रशिक्षण दिया, जिससे वे खेती के नए आयाम अपनाकर अपनी आजीविका बढ़ा सकें।
उपायुक्त ने क्षेत्र के आवागमन मार्ग का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया और कठिनाइयों को समझते हुए तत्काल समाधान हेतु जिला डीएमएफटी फंड से कुछ मार्गों में पीसीसी और मोरम डालकर सुधार करने की बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि लंबी सड़क निर्माण की प्रक्रिया सरकारी नियमों के अनुसार समयबद्ध तरीके से की जाएगी, लेकिन तत्काल आवागमन बाधा न बने, इसलिए अस्थायी सुधार जल्द किए जाएंगे। स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु स्वास्थ्य विभाग को प्रत्येक महीने नियमित रूप से सभी पाठ क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने का निर्देश दिया गया।
ग्रामीणों ने आंगनवाड़ी केंद्र, पानी, बिजली और मोबाइल नेटवर्क जैसी मूलभूत समस्याओं को भी बताया। जनसंख्या को देखते हुए फिलहाल मिनी आंगनवाड़ी केंद्र की स्थापना संभव न होने की जानकारी देते हुए उपायुक्त ने सेविका को निर्देश दिया कि वे प्रत्येक सप्ताह कम से कम दो दिन टोले में आकर बच्चों और महिलाओं को पोषण एवं संबंधित सेवाएं प्रदान करें। छूटे हुए पांच से सात घरों में पानी और बिजली पहुंचाने का कार्य प्राथमिकता के आधार पर संबंधित विभागों को करने का निर्देश दिया गया। गांव के मध्य विद्यालय की स्थिति सुधारने के लिए भी अधिकारियों को आवश्यक कदम उठाने को कहा गया।
विशेष शिविर में आयुष्मान कार्ड निर्माण, राशन कार्ड संशोधन, आधार कार्ड निर्माण/अपडेट, स्वास्थ्य जांच सहित कई सेवाओं का लाभ ग्रामीणों को प्रदान किया गया। कुल 60 से अधिक नागरिकों और प्रत्येक परिवार को सरकारी योजनाओं का प्रत्यक्ष लाभ मिला। उपायुक्त ने अपने हाथों से जाति प्रमाण पत्र, आय एवं आवासीय प्रमाण पत्र, जॉब कार्ड, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, पशुधन विकास योजना के लाभ, कंबल वितरण, आयुष्मान कार्ड, पेंशन योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, बीज वितरण, धोती-साड़ी वितरण एवं अन्य कल्याणकारी योजनाओं का वितरण किया। प्रखंड विकास पदाधिकारी को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया कि टोले के शत-प्रतिशत लोगों को सभी योजनाओं का लाभ मिले।
महिलाओं के स्वास्थ्य पर बातचीत करते हुए उपायुक्त ने हीमोग्लोबिन स्तर सुधार के लिए भोजन में हरी पत्तेदार सब्जियों और विशेष रूप से सहजन (मूंगा साग) शामिल करने पर जोर दिया। स्वास्थ्य संवर्धन की पहल के रूप में उपायुक्त ने स्वयं गांव में 30 से अधिक सहजन के पौधे लगाए और महिलाओं से आग्रह किया कि वे सहजन को अपने दैनिक भोजन का हिस्सा बनाएं।
अंत में उपायुक्त ने प्रखंड विकास पदाधिकारी और अंचल अधिकारी के प्रयासों की सराहना की और कहा कि संबंधित अधिकारियों ने मिलकर पूरे टोले के प्रत्येक परिवार तक सरकारी योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इस अवसर पर जिला शिक्षा अधीक्षक, जिला कृषि पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, हॉर्टिकल्चर पदाधिकारी, आयुष्मान समन्वयक, सहायक जिला सूचना एवं जनसंपर्क पदाधिकारी, स्वास्थ्य एवं कृषि विभाग की टीम, प्रखंड विकास पदाधिकारी जारी, अंचल अधिकारी जारी सहित अनेक संबंधित पदाधिकारी और कर्मी उपस्थित रहे।