द फॉलोअप डेस्क, रांचीः
झारखंड के विभिन्न सरकारी विभागों, जिला कार्यालयों और क्षेत्रीय कार्यालयों में कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों ने तीन महीने से वेतन नहीं मिलने की समस्या को लेकर सरकार से गुहार लगाई है। झारखंड आउटसोर्स कर्मचारी महासंघ ने इस संबंध में प्रदेश अध्यक्ष खुर्शीद आलम के हस्ताक्षर से एक पत्र जारी कर प्रेस और न्यूज चैनलों से मामले को प्रमुखता से उठाने का अनुरोध किया है। पत्र में कहा गया है कि वेतन नहीं मिलने के कारण कर्मचारियों और उनके परिवारों को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।

दुर्गा पूजा के बाद अब दिवाली पर भी संकट
महासंघ के मुताबिक, वेतन के अभाव में कर्मचारी दुर्गा पूजा के दौरान भी कठिन परिस्थितियों से गुजरे। अब दिवाली के अवसर पर भी कर्मचारियों और उनके परिवारों के सामने आर्थिक परेशानी बनी हुई है। पत्र में कहा गया है कि राज्य सरकार बड़े त्योहारों पर कर्मचारियों के वेतन भुगतान को लेकर आदेश जारी करती है, लेकिन संविदा, आउटसोर्सिंग और दैनिक वेतन पर काम करने वाले कर्मचारियों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। महासंघ ने इसे छोटे कर्मचारियों के प्रति सरकार और संबंधित विभागों की उपेक्षा बताया है।

तीन माह का बकाया वेतन भुगतान की मांग
पत्र में झारखंड मैनपावर प्रोक्योरमेंट मैनुअल के गठन के लिए सूचना प्रौद्योगिकी एवं ई-गवर्नेंस विभाग की अधिसूचना संख्या-132, दिनांक 17 अक्टूबर 2023 का भी उल्लेख किया गया है। इसके अनुसार, वित्त विभाग की अध्यक्षता में अंतरविभागीय समिति गठित की गई थी, लेकिन पत्र के मुताबिक अब तक इस प्रक्रिया को पूरा नहीं किया गया है। महासंघ ने राज्य सरकार से आउटसोर्स कर्मचारियों का जुलाई, अगस्त और सितंबर 2026 का बकाया वेतन दिवाली से पहले भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की है। साथ ही मीडिया से अपील की गई है कि कर्मचारियों की समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित और प्रसारित किया जाए, ताकि संबंधित अधिकारियों का ध्यान इस ओर आकर्षित हो और प्रभावित कर्मचारियों को जल्द राहत मिल सके।