रांची
राजद के प्रदेश प्रवक्ता कैलाश यादव ने आज केंद्र सरकार पर करारा हमला बोलते हुए कहा कि छठ महापर्व के अवसर पर मोदी सरकार द्वारा 12 हजार स्पेशल ट्रेनें चलाने का दावा महज एक "जुमला" साबित हुआ है। उन्होंने कहा कि बिहार और झारखंड से बाहर काम करने वाले करोड़ों प्रवासी छठ के लिए अपने घर लौटना चाहते हैं, लेकिन उन्हें टिकट नहीं मिल पा रहा और रेलवे स्टेशन पर अफरा-तफरी की स्थिति बनी हुई है।
कैलाश यादव ने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद यह घोषणा की थी कि छठ व्रतियों और श्रद्धालुओं के लिए 12 हजार विशेष ट्रेनें चलाई जाएंगी, ताकि लोग सुरक्षित और सुगमता से अपने घर पहुंच सकें। लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिलकुल उलट है। देशभर से आने वाले लोग परेशान हैं, नाराज़ हैं।”

उन्होंने आरोप लगाया कि रेलवे और केंद्र सरकार के खोखले वादों की वजह से न केवल आम जनता को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, बल्कि छठ जैसे भावनात्मक रूप से जुड़े पर्व पर भी लोग अपनों से दूर रहने को मजबूर हैं।
यादव ने यह भी जोड़ा कि इस बार छठ पर्व के साथ-साथ बिहार विधानसभा चुनाव भी नजदीक है, ऐसे में बाहर रह रहे लाखों लोग घर लौटना चाहते हैं। “लेकिन केंद्र सरकार ने इतनी बड़ी संख्या में यात्रियों की भीड़ को संभालने की कोई ठोस तैयारी नहीं की। इससे साफ जाहिर होता है कि सरकार का दावा सिर्फ दिखावा था,” उन्होंने कहा।
राजद प्रवक्ता ने रेल मंत्रालय से तत्काल स्थिति को सुधारने और अतिरिक्त ट्रेनों की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की, ताकि छठ व्रतियों को समय पर घर पहुंचने में मदद मिल सके।
