द फॉलोअप डेस्क
बिहार विधानसभा चुनाव को मादक पदार्थों के जरिए प्रभावित करने की एक बड़ी साजिश को एनसीबी और सिमडेगा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई कर नाकाम कर दिया है। ओडिशा से सिमडेगा के रास्ते बिहार ले जाई जा रही 441 किलोग्राम गांजे की एक भारी खेप को जब्त किया गया है। अधिकारियों के अनुसार, जब्त किए गए गांजे का अनुमानित मूल्य लगभग तीन करोड़ रुपये बताई जा रही है। इस बड़ी सफलता के साथ ही पुलिस ने मौके से एक तस्कर को भी गिरफ्तार किया है।.jpg)
इस सफल ऑपरेशन की जानकारी देते हुए एनसीबी के बिहार-झारखंड जोनल डायरेक्टर और सिमडेगा के एसपी एम अर्शी ने एक संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस आयोजित की। उन्होंने बताया कि गुप्त सूचना मिली थी कि भारी मात्रा में गांजे की यह खेप बिहार की ओर जा रही है। इसके बाद तुरंत कार्रवाई करते हुए, पुलिस और एनसीबी की संयुक्त टीम ने कोलेबिरा थाना क्षेत्र के छगरबंधा के पास एनएच 143 पर घेराबंदी की और हरियाणा नंबर की एक संदिग्ध ट्रक को रोका।
ट्रक की गहन तलाशी के दौरान, अधिकारियों ने पाया कि तस्करों ने गांजे को छुपाने के लिए एक बेहद शातिर तरीका अपनाया था। ट्रक के भीतर बने एक गुप्त केबिन से 85 पैकेटों में छुपाया गया कुल 441 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। गांजा जब्त करने के बाद, मौके से ट्रक चालक और तस्कर को गिरफ्तार कर लिया गया।.jpeg)
एनसीबी और सिमडेगा पुलिस ने स्पष्ट कहा कि यह कार्रवाई चुनाव से पहले मादक पदार्थों के वितरण की चेन तोड़ने के लिए महत्वपूर्ण है। अधिकारियों ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ उनका अभियान जारी रहेगा और इस जब्त गांजा की कीमत छोटे स्तर पर बेचे जाने पर और भी अधिक हो जाएगी।