logo

अडाणी कोल प्रोजेक्ट की जनसुनवाई का विरोध: बालूलाल बोले- पुलिस की मौजूदगी में महिलाओं पर लाठियां बरसाना शर्मनाक 

BABULAL01230.jpg

रांची
हजारीबाग के बड़कागांव प्रखंड में गोंदुलपारा कोल खनन परियोजना को लेकर झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद की प्रस्तावित जनसुनवाई के दौरान भारी विरोध देखने को मिला। रैयतों और ग्रामीणों के तीखे विरोध के चलते प्रशासन, पर्षद और ग्रामीणों के बीच प्रस्तावित त्रिपक्षीय वार्ता विफल हो गई। इस पूरे घटनाक्रम के बाद नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी का सरकार पर तीखा बयान सामने आया है।
बाबूलाल मरांडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पर निशाना साधते हुए कहा कि वे झारखंड संभाल नहीं पा रहे हैं और विदेश जाकर पूंजीपतियों को रिझाने में लगे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता के पैसों से विदेश यात्राएं की जा रही हैं, जबकि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति बदतर हो चुकी है। मरांडी ने कहा कि झारखंड में “जंगलराज” अब सतह पर आ गया है और ऐसी स्थिति में राज्य में कोई निवेश नहीं करेगा।


मरांडी ने बड़कागांव की घटना का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि जनसुनवाई के दौरान पुलिस की मौजूदगी में महिलाओं पर लाठियां बरसाई गईं और धारदार हथियारों से हमला किया गया। ये शर्मनाक है। उन्होंने पुलिस प्रशासन पर भी गंभीर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रशासन अपनी जिम्मेदारियों से भटका हुआ है।
उल्लेखनीय है कि बड़कागांव क्षेत्र में कोल खनन परियोजना के विरोध में रैयत पिछले 1030 दिनों से अनिश्चितकालीन धरना दे रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि अडाणी की कंपनी, प्रदूषण बोर्ड और प्रशासन असली रैयतों से बात करने के बजाय बाहर से लाए गए लोगों के जरिए जनसुनवाई का दिखावा कर रहे हैं। इसी आरोप के विरोध में आज जनसुनवाई के दौरान ग्रामीणों ने कड़ा विरोध जताया।


प्रदर्शन के दौरान कुर्सियां तोड़ी गईं और पंडाल को नुकसान पहुंचाया गया। जैसे ही बैठक शुरू होने वाली थी, ग्रामीणों का आक्रोश बढ़ गया और माहौल तनावपूर्ण हो गया। ग्रामीणों का कहना है कि उनके जीवन, आजीविका और भविष्य सीधे तौर पर प्रभावित होने वाले हैं, लेकिन उनकी वास्तविक आवाज़ को दबाकर दिखावटी सहमति बनाने की कोशिश की जा रही है। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है, जबकि राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है।

Tags - Jharkhand News News Jharkhand Jharkhand।atest News News Jharkhand।ive Breaking