द फॉलोअप डेस्क
स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी के गृह क्षेत्र जामताड़ा से राहत भरी खबर सामने आई है। सदर अस्पताल की बदहाली और क्षतिग्रस्त दिवार के नीचे इलाज कराने को मजबूर मरीजों की व्यथा को जब 'द फॉलोअप' ने प्रमुखता से प्रकाशित किया, तो स्वास्थ्य विभाग की नींद खुली। खबर का असर देखने को मिला और विभाग ने त्वरित संज्ञान लेते हुए अस्पताल के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत का कार्य शुरू करवा दिया है। विगत सोमवार शाम को हुई मूसलाधार बारिश के बाद जामताड़ा सदर अस्पताल के एक मुख्य पिलर का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया था। स्थिति इतनी गंभीर थी कि अस्पताल भवन पर खतरा मंडराने लगा और मरीज व स्वास्थ्यकर्मी लगातार डर के साए में काम करने को मजबूर थे।
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग इस मुद्दे पर चुप्पी साधे हुए थे, लेकिन 'द फॉलोअप' की टीम ने जमीनी हकीकत को जनता और सरकार के सामने रखा। खबर के वायरल होने और स्थानीय स्तर पर बढ़ते दबाव के बाद, चार दिनों के भीतर ही स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया। अस्पताल की क्षतिग्रस्त दिवार की मरम्मत के लिए मिस्त्रियों और मजदूरों को काम पर लगा दिया गया है। अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों ने इस पहल पर खुशी जाहिर की। उनका कहना है कि अगर मीडिया ने इस मुद्दे को जोर-शोर से नहीं उठाया होता, तो शायद किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार किया जाता। फिलहाल, मरम्मत कार्य शुरू होने से अस्पताल की सुरक्षा को लेकर बनी अनिश्चितता कम हुई है।
