द फॉलोअप डेस्क
बड़कागांव प्रखंड के महुंगाईकला पंचायत भवन में मंगलवार को बादाम कोल खनन परियोजना को लेकर प्रशासन और कंपनी की ओर से जनसुनवाई का आयोजन किया गया था। इस जनसुनवाई में एनटीपीसी के अधिकारी, परियोजना से जुड़े प्रतिनिधि, स्थानीय प्रशासन और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे।.jpeg)
कार्यक्रम की शुरुआत तो सामान्य रही, लेकिन जैसे ही परियोजना से जुड़े मुद्दों पर चर्चा शुरू हुई, स्थानीय रैयतों और ग्रामीणों ने अपनी नाराजगी जाहिर करनी शुरू कर दी। देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया और कुछ ही देर में स्थिति बेकाबू हो गई। ग्रामीणों की भीड़ ने अचानक कंपनी के अधिकारियों और पुलिस बल पर पथराव शुरू कर दिया।.jpg)
इस पथराव में एनटीपीसी के कई अधिकारी घायल हो गए। वहीं पुलिस प्रशासन और कंपनी के दर्जनों वाहनों के शीशे टूट गए। घटना के बाद मौके पर भगदड़ मच गई और लोग इधर-उधर भागने लगे।
स्थिति पर नियंत्रण पाने के लिए पुलिस बल ने मोर्चा संभाला। मौके पर एसडीपीओ पवन कुमार, इंस्पेक्टर ललित कुमार, थाना प्रभारी कृष्णा कुमार गुप्ता के साथ सैकड़ों महिला और पुरुष पुलिस जवान मौजूद रहे। पुलिस ने तत्काल अतिरिक्त बल को तैनात कर पंचायत भवन और आसपास के इलाकों में कैंप कर लिया है।.jpeg)
सूत्रों के अनुसार, ग्रामीण परियोजना के मुआवजे, पुनर्वास और रोजगार को लेकर लंबे समय से नाराज थे। उनका कहना है कि कंपनी और प्रशासन ने उनकी मांगों को अब तक गंभीरता से नहीं लिया, जिसके कारण विरोध उग्र हो गया।.jpeg)
फिलहाल, पुलिस स्थिति पर कड़ी नजर रखे हुए है और तनावपूर्ण माहौल के बावजूद हालात को नियंत्रण में रखने की कोशिश जारी है। प्रशासन की ओर से घटना की जांच की जा रही है और दोषियों की पहचान कर आगे की कार्रवाई की बात कही जा रही है।