द फॉलोअप डेस्क:
पुराने जमाने में लोग अपने प्यार के दिखाने के लिए खून से चिठ्ठी लिखा करते थे। यह बातें आपने सुनी होगी। मगर बदलते दौर के साथ वह पीछे छूट गया। आज के इस डिजिटल दौर में लोग अपने प्रियजनों को पेंटिंग गिफ्ट कर रहे हैं। अब आप कहेंगे कि ये कौन सी बड़ी बात है, पहले भी लोग पेंटिंग गिफ्ट किया करते थे। लेकिन अगर कोई आपको को कहे कि पेंटिंग बनाने में किसी प्रकार का रंग का इस्तेमाल में नहीं हुआ है तो आप चौंक जाएंगे। ऐसा कैसे हो सकता है। बिना रंग के पेंटिंग कैसे बनेगी? आपको सुनकर हैरानी होगी कि युवा अब अपने खून से पेंटिंग बना रहे हैं। अब आप सोच रहे होंगे की शायद दुनिया के किसी देश के युवाओं के सिर पर ये भूत सवार हो गया है। लेकिन अब फिर से हैरानी होगी कि यह मामला दुनिया के किसी अन्य देश नहीं बल्कि अपने भारत का है। जी हां, ये मामला भारत के तमिलनाडु का है। यहां प्रेमी-प्रेमिका और फैन अपने प्रिय स्टार को कुछ अलग तोहफा देने के लिए ब्लड पेटिंग दे रहे थे। लोगों के बीच ब्लड पेंटिग का क्रेज काफी देखने को मिला। आईये अब आपको इससे जुड़ी एक कहानी सुनाते हैं...
सोनू सूद को गिफ्ट किया खून से बनीं पेटिंग
10 दिसंबर को 20 साल के गणेशन की गर्लफ्रेंड का बर्थडे था। अपने प्यार को जताने के लिए अपनी गर्लफ्रेंड को कुछ यूनिक गिफ्ट देने को उसने सोचा। उसने अपने दोस्तों से इस बारे में पूछा। तभी एक दोस्त ने उसे ब्लड पेटिंग के बारे में बताया। यह गणेशन को काफी यूनिक लगा। फिर क्या था वह चेन्नई के एक ऐसे ही स्टूडियो में पहुंच गया। यहां पर गणेशन ने A4 साइज की पेटिंग बनवाने के लिए 5 मिली लीटर खून दिया। ये तो आपको आम लोगों की बात हमने सुनाई है। अब आपको एक स्टार की कहानी सुनाते है। सोनू सूद को तो आप सभी जानते होंगे। कोविड के दौरान गरीबों और जरूरतमंद लोगों के मसीहा बनकर आए, वह आज भी सबकी मदद कर रहे हैं। सोनू की दरियादिली की वजह से फैंस उन्हें अब और भी ज्यादा प्यार करते हैं। उनके घर के बाहर उनसे मिलने के लोग रात-दिन खड़े रहते हैं। उसी दौरान एक फैन उनसे मिलने आया और उनके लिए ऐसा गिफ्ट लेकर आया कि सोनू भी हैरान रह गए। दरअसल, वह फैन सोनू के लिए एक पेंटिंग बनाकर लाया, लेकिन वह पेंटिंग आम नहीं थी। उसे फैन ने अपने खून से बनाया था। हालांकि सोनू ने उस शख्स और बाकी फैंस को भी एक मैसेज दिया कि ऐसा करने की बजाय वह खून डोनेट करें।हमने तो आपके सामने केवल दो कहानी साझा की है मगर तमिलानाडु में ऐसे सैकड़ों मामले आए हैं जिसमें लोग चहेतों के लिए खून से पेंटिंग बनवा रहे हैं।

कार्रवाई : पेटिंग बनाने वाले स्टूडियो पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री
खून से पेंटिंग बनाने का क्रेज युवाओं के सिर चढ़कर बोलने लगा। यह मामला राज्य के स्वास्थ्य मंत्री एमए सुब्रमण्यम तक भी जा पहुंचा। इसके बाद बीते 20 दिसंबर को एमए सुब्रमण्यम अचानक चेन्नई में खून से पेटिंग बनाने वाले एक स्टूडियो में पहुंचे। यहां पर पेंटिंग के लिए रखे गए कई ब्लड की शीशियों और नीडिल्स को देखकर वह हैरान रह गए। इसके बाद उसी वक्त उन्होंने खून से पेटिंग बनाने वाले स्टूडियो पर बैन लगाने का ऐलान कर दिया। अब आप सोच रहे होंगे की एमए सुब्रमण्यम ने ऐसा क्यों किया....तो बता दें कि जांच के दौरान पता चला कि स्टूडियो में ब्लड लेने की प्रक्रिया तय प्रोटोकॉल के अनुसार नहीं होती है। यहां एक ही नीडिल से कई लोगों का ब्लड निकालने के लिए यूज होती है। इससे आम लोगों में इंफेक्शन फैलने का खतरा है।
ब्लड डोनेशन एक पवित्र कार्य लेकिन यह दंडनीय है
मंत्री सुब्रमण्यम ने कहा है कि कोई व्यक्ति या संस्था खून से पेंटिंग बनाते पाए जाते हैं तो उसके खिलाफ आपराधिक कार्रवाई की जाएगी। सुब्रमण्यम ने कहा कि- ‘ब्लड आर्ट दंडनीय है। ब्लड डोनेशन एक पवित्र कार्य है। ऐसे उद्देश्यों के लिए खून निकालना मंजूर नहीं है। प्यार और स्नेह दिखाने के कई और तरीके हैं। इसमें ब्लड आर्ट को शामिल नहीं किया जाना चाहिए।’

क्या कहते हैं हेल्थ एक्सपर्ट
इस ट्रेंड को लेकर जब हेल्थ एक्सपर्ट से बात की गई तो उन्होंने इसपर अपनी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि किसी इंसान के शरीर से खून निकालने के लिए केवल लैब टेक्नीशियन, फ्लेबोटोमिस्ट, नर्स या फिजीशियन को ही अनुमति होती है। ऐसे में लोग जोखिम मोल लेकर ऐसे स्टूडियो में अपना खून निकलवा रहे हैं। इसके साथ ही उन्होंने कई तरह की बीमारी फैलने की संभावना जताई है। उन्होंने कहा कि इससे हेपेटाइटिस बी, हेपेटाइटिस सी औऱ HIV जैसी बीमारी का खतरा है। इसलिए लोगों को इससे बचना चाहिए।