द फॉलोअप डेस्क
समाज से अंधविश्वास, रूढ़िवाद और पाखंडवाद को समाप्त करने के उद्देश्य से स्थापित ब्रेक थ्रू साइंस सोसायटी, चाईबासा इकाई (मैडम क्यूरी साइंस क्लब) ने चाईबासा स्थित मैडम क्यूरी साइंस क्लासेस, तांबो में 'लर्निंग साइंस थ्रू एक्सपेरिमेंट' कार्यक्रम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम का मुख्य लक्ष्य छात्रों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करना और विज्ञान के प्रयोगों के माध्यम से विज्ञान की गहरी समझ को प्रोत्साहित करना था।
सोसाइटी के राज्य कमेटी सदस्य सत्येन महतो और निलेंदु दे ने छात्रों को विज्ञान के अनोखे प्रयोगों और आश्चर्यजनक वैज्ञानिक प्रदर्शनों के जरिए वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने का प्रयास किया। कार्यक्रम के दौरान डायन प्रथा, पाखंडवाद और अंधविश्वास जैसी सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ सही सोच विकसित करने के लिए छात्रों को प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में कोल्हान विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर गणित विभाग के पूर्व गोल्ड मेडलिस्ट और पूर्व अध्यापक अभिजीत मलिक तथा कोचिंग के शिक्षक जतिन उपस्थित थे। दोनों ने छात्रों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रोत्साहित किया।
उल्लेखनीय है कि ब्रेक थ्रू साइंस सोसायटी इस महीने देशभर के विभिन्न शहरों में वैज्ञानिकों, विज्ञान प्रेमियों, बुद्धिजीवियों, शिक्षकों और छात्रों के साथ मिलकर विज्ञान के लिए पदयात्रा आयोजित कर रही है। इस पहल का उद्देश्य वैज्ञानिक जिज्ञासा को बढ़ावा देना और समाज में अंधविश्वास के खिलाफ जागरूकता फैलाना है।
