दुमका
दुमका जिले के मसलिया थाना क्षेत्र के पाटनपुर गांव में शनिवार को फर्जी पुलिस बनकर एक विधवा महिला के घर वसूली करने पहुंचे दो युवकों को ग्रामीणों ने धर दबोचा। दोनों आरोपी खुद को देवघर के सारठ थाना की पुलिस बताकर महिला को झांसा देने की कोशिश कर रहे थे।
महिला के बेटे को हुआ शक, पुलिस को दी सूचना
निरंजन गोराई अपनी मां के साथ रहते हैं। आरोपियों की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर उन्हें शक हुआ। उन्होंने बिना किसी हंगामे के मसलिया थाना पुलिस को पूरे मामले की सूचना दी। पूरे घटनाक्रम की जानकारी देते हुए निरंजन ने बताया कि दोनों युवक चारपहिया वाहन से उनकी दुकान पर पहुंचे थे। वे खुद को देवघर जिले के सारठ थाना की पुलिस बताकर रौब झाड़ रहे थे और पूछताछ के बहाने दबाव बनाने की कोशिश कर रहे थे। सूचना मिलते ही मसलिया थाना पुलिस मौके के लिए रवाना हो गई। हालांकि, पुलिस के पहुंचने से पहले ही ग्रामीणों ने दोनों युवकों को पकड़ लिया और भागने से रोकने के लिए उन्हें बिजली के खंभे से बांध दिया। इसके बाद पुलिस ने दोनों को अपने कब्जे में लेकर थाना पहुंचाया।
पूछताछ जारी, जांच में जुटी पुलिस
मसलिया थाना पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच पूरी होने के बाद आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीणों की सूझबूझ और मसलिया पुलिस की त्वरित कार्रवाई के चलते फर्जी पुलिस बनकर वसूली की कोशिश नाकाम हो गई। समय रहते कार्रवाई होने से संभावित बड़ी वारदात टल गई।