द फॉलोअप डेस्क
गिरिडीह पुलिस अधीक्षक कार्यालय में पुलिस अधीक्षक की अध्यक्षता में मासिक अपराध गोष्ठी का आयोजन किया गया। बैठक में सभी पुलिस उपाधीक्षक, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी तथा थाना, ओपी और शाखा प्रभारी उपस्थित रहे। गोष्ठी के दौरान विगत माह में दर्ज मामलों की विस्तृत समीक्षा की गई और लंबित कांडों के शीघ्र निष्पादन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में विशेष रूप से विगत तीन माह में घटित गंभीर श्रेणी के अपराधों की समीक्षा की गई। महिला संबंधी अपराधों के मामलों में संवेदनशीलता बरतते हुए त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। इसके साथ ही जेल से छूटे अपराधियों की सूची का सत्यापन कर उन पर आवश्यक निगरानी एवं कार्रवाई करने को कहा गया। आर्म्स एक्ट तथा संगठित और संघनात्मक कांडों में शामिल अपराधियों के विरुद्ध भी कठोर कदम उठाने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने आदतन अपराधियों के खिलाफ दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) के प्रावधानों के तहत सख्त कार्रवाई के लिए प्रस्ताव समर्पित करने को कहा। लंबित वारंट और कुर्की की शीघ्र तामील, पासपोर्ट और चरित्र सत्यापन से जुड़े लंबित मामलों के निष्पादन पर भी विशेष जोर दिया गया। इसके अतिरिक्त नियमित रूप से एंटी क्राइम चेकिंग अभियान चलाने और अपराधियों पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए गए।
आगामी सरस्वती पूजा के मद्देनजर जिले के सभी थाना और ओपी क्षेत्रों में शांति समिति की बैठकें आयोजित कर विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी करने का निर्देश दिया गया। संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती, गश्त बढ़ाने और असामाजिक तत्वों पर सख्त निगरानी रखने को भी कहा गया। गोष्ठी के अंत में विगत माह में महत्वपूर्ण कांडों के सफल उद्भेदन और उत्कृष्ट कार्य के लिए पुलिस पदाधिकारियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। पुलिस अधीक्षक ने सभी अधिकारियों को पेशेवर तत्परता, बेहतर जनसंपर्क और कानून-व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कार्य करने का निर्देश दिया।
