logo

भगवान बिरसा के गांव में प्रशासन की नो एंट्री, वजह- पीएम के लिए बना हैलिपैड है

भगवान बिरसा के गांव में प्रशासन की नो एंट्री, वजह- पीएम के लिए बना हैलिपैड है

अरविंद सिंह, खूंटी:

गुरुवार को भगवान बिरसा मुंडा की जन्मस्थली उलिहातू में राष्ट्रीय जनजाति आयोग सदस्य आशा लकड़ा के निर्देश पर जनता दरबार का आयोजन किया गया था। जिसको लेकर प्रचार प्रसार किया गया था। उन्हें पता था कि जनता दरबार को लेकर जिला के वरीय अधिकारी इसी रास्ते से गुजरेंगे। गुरुवार की सुबह उलिहातू एवं आसपास के गांव के लोग कंटड़ा पीड़ी में बने हेलीपैड को हटाने की मांग को लेकर विरोध स्वरूप गोल बंद होकर सैकड़ों ग्रामीणों ने पेड़ की सूखी डाली एवं झाड़ियां से सड़क जाम कर दिया। उन्हें उलीहातू जाने से रोका गया।

 

अधिकारी दूसरे रास्ते से गांव तक पहुंचे
गौरतलब है कि कुछ अधिकारी दूसरे रास्ते से जनता दरबार तक पहुंचे वहीं कुछ अधिकारी वापस लौट गए। ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले 15 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उलिहातू दौरे में उनके आगमन को लेकर कंटड़ापीड़ी हॉकी मैदान में 3 हेलीपैड बना कर उसे सीमेंटेड कर दिया गया था। उनका कहना है कि यहां खेल मैदान है जहां क्षेत्र के ग्रामीण युवा हॉकी खिलाड़ी प्रैक्टिस करते हैं एवं टूर्नामेंट का आयोजन किया जाता था। उबड़-खाबड़ पथरीली जमीन का समतलीकरण ग्रामीणों ने अपने खर्चे से कर मैदान बनाया था। हेलीपैड बना दिए जाने से युवाओं को खेलने के लिए मैदान नहीं है। इसे हटाने को लेकर पहले भी अधिकारियों को आवेदन दिया जा चुका है पर प्रशासन टाल मटोल रवैया अपना रहा है। ग्रामीणों ने सुबह 8:00 बजे से 12:00 बजे तक सड़क जाम रखा। 

अधिकारियों ने ग्रामीणों को लिखित आश्वासन दिया
प्रखंड विकास पदाधिकारी गणेश महतो एवं थाना प्रभारी मुकेश कुमार यादव मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों से वार्ता की जहां उन्होंने लिखित आश्वासन दिया की 10 दिनों के अंदर हेलीपैड को हटाकर मैदान समतल कर दिया जाएगा इसके उपरांत जाम हटाया गया। ग्रामीणों ने कहा कि तय समय सीमा के अंदर मांग पूरी नहीं हुई तो उग्र आंदोलन के लिए ग्रामीण बाध्य होंगे।

Tags - KhuntiUlihatuJharkhand NewsUlihatu News