पटना:
बिहार में महागठबंधन सरकार बनने के बाद से आज पहली सीएम नीताश कुमार (CM Nitish Kumar) ने जनता दरबार (Public court) लगाया। सियासी उठा-पटक के दौरान कुछ वक्त के लिए जनता दरबार स्थागित रहा। मुख्यमंत्री ने आज गृह (Home), राजस्व (Revenue) एवं भूमि सुधार (Land Reforms), मद्य निषेध उत्पाद एवं निबंधन विभाग और निगरानी (Prohibition of Excise and Registration Department and Monitoring) से संबंधित शिकायतों को सुना। इस दौरान डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव (Deputy CM Tejashwi Yadav) भी मौजूद रहें।

संबंधित अधिकारियों से बात कर समस्या के निदान की कोशिश
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सत्ता परिवर्तन के पश्चात पहली बार लोगों की शिकायतों को सुना। सीएम ने गृह, राजस्व एवं भूमि सुधार, मद्य निषेध उत्पाद एवं निबंधन विभाग और निगरानी से संबंधित शिकायतों को सुना। शिकायतें सुनने के बाद तुरंत संबंधित अधिकारियों से बात कर समस्या के निदान की कोशिश भी करते रहे। इस बार जनता दरबार का कार्यक्रम मुख्यमंत्री सचिवालय संवाद के ठीक बगल में बनाए गए हॉल में हुआ जिसमें सुरक्षा को लेकर कड़े इंतजाम भी किए गए हैं।

2015 के बाद पहली बार जनता दरबार पहुंचे तेजस्वी
बता दें कि डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव भी पूरे दरबार के दौरान मौजूद रहे। इससे पहले तेजस्वी साल 2015 में सीएम के साथ जनता दरबार आए थे। बता दें कि पिछले कुछ वक्त से मुख्यमंत्री का जनता दरबार कार्यक्रम स्थगित रह रहा था। हालांकि कोरोना काल से ही मुख्यमंत्री सीमित संख्या में लोगों को जनता दरबार में बुला रहे थे। आज भी जनता दरबार में सीमित संख्या में ही लोगों को बुलाया गया है।