द फॉलोअप डेस्क, रांची:
JSSC-CGL मामले में अभय तिवारी को हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। अदालत ने उनकी जमानत याचिका खारिज करते हुए न्यायिक हिरासत जारी रखने का आदेश दिया है। इससे पहले मंगलवार को कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। सुनवाई के दौरान CID ने जमानत का जोरदार विरोध किया। जांच एजेंसी ने अदालत के सामने अभय तिवारी को कथित नियुक्ति घोटाले का मास्टरमाइंड बताया।
CID के मुताबिक, TDPL कंपनी में मार्केटिंग मैनेजर रहते हुए अभय तिवारी ने अपने सगे-संबंधियों समेत कई अभ्यर्थियों से लाखों रुपये की कथित वसूली की और नौकरी दिलाने की अवैध सेटिंग की। CID ने यह भी दलील दी कि बाहर आने पर आरोपी जांच को प्रभावित करने और सबूतों से छेड़छाड़ कर सकता है। मामले की गंभीरता और जांच एजेंसी की दलीलों को देखते हुए अदालत ने अभय तिवारी को राहत देने से इनकार कर दिया।
