दिल्ली:
भारत को आज नया उप-राष्ट्रपति (Vice-President) मिल जाएगा। सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक वोट डाले जाएंगे। इसके बाद तुरंत वोटों की गिनती होगी और नतीजे भी आज जाएंगे। बता दें कि NDA की ओर से जगदीप धनखड़ (Jagdeep Dhankhar) और विपक्ष की ओर से मार्गरेट अल्वा (Margaret Alva) उम्मीदवार हैं। इस चुनाव में संसद के दोनों सदनों के सदस्य मतदान करेंगे।

वोटों की कुल संख्या 788
वोटों की कुल संख्या 788 रहती है। इसमें लोकसभा के 543 वोट रहते हैं और राज्यसभा के 243। किसी को भी उप राष्ट्रपति का चुनाव जीतने के लिए कम से कम 394 वोटों की जरूरत पड़ती है। जो भी इस आंकड़े तक पहुंच जाता है, उसकी जीत सुनिश्चित हो जाती है।
धनखड़ को शिंदे गुट का भी समर्थन
NDA के सांसदों से जगदीप धनखड़ को तो बढ़त मिलती दिख ही रही है। इसके अलावा, BJD, YSRC, BSP, TDP, अकाली दल और शिंदे गुट का भी समर्थन हासिल है। इनके 81 सांसद हैं।
मार्गरेट अल्वा के पास इनका समर्थन
UPA की उम्मीदवार मार्गरेट अल्वा के पास कांग्रेस, DMK, RJD, NCP और समाजवादी पार्टी के वोट हैं। इन पार्टियों के वोटों की संख्या 139 हैं। इनके अल्वा झारखंड मुक्ति मोर्चा, TRS और आम आदमी पार्टी ने भी अल्वा को वोट देने का फैसला किया है। इन तीनों के 29 सांसद हैं। शिवसेना के उद्धव गुट के 9 सांसद अल्वा के साथ हैं।

कैसे होता है उप राष्ट्रपति का चुनाव
उप राष्ट्रपति का चुनाव देश के लोकतंत्र में काफी मायने रखता है। ये पद कितना अहम है, इसे ऐसे समझा जा सकता है कि राष्ट्रपति की अनुपस्थिति में उपराष्ट्रपति को ही सारी जिम्मेदारियों का निर्वाहन करना होता है। वहीं पद के लिहाज से उप-राष्ट्रपति प्रधानमंत्री से भी बड़े माने जाते हैं। ऐसे में जो भी इस पद पर आसीन होता है, कई जिम्मेदारियों और कर्तव्यों का पालन करना जरूरी रहता है। आंकड़ों के लिहाज से बात करें तो उप राष्ट्रपति के चुनाव में लोकसभा और राज्यसभा के सांसद वोट डालते हैं। जो सदस्य मनोनीत होते हैं, उन्हें भी वोट डालने का अधिकार रहता है।