साइबर अपराधियों ने अब अपने अपराध करने के तरीकों में बदलाव कर लिया है। अब अपराधी डॉरेक्ट फोन कर या मैसेज कर पैसे नहीं मांग रहे, बल्कि अपने तरीकों में बदलाव करते हुए दूल्हा और दुल्हन को टारगेट कर रहे हैं।
गांडेय थाना क्षेत्र के रताबहियार इलाके में कुछ साइबर अपराधी मोबाइल फोन के माध्यम से लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। सूचना के आधार पर साइबर डीएसपी के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया
साइबर अपराध की जननी कहे जाने वाले जामताड़ा में पुलिस ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन शातिर अपराधियों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है
जामताड़ा में पुलिस ने तीन शातिर साइबर अपराधियों को धर दबोचा है. तीनों पीपल के पेड़ के नीचे बैठकर लैपटॉप और मोबाइल के जरिए देश के विभिन्न हिस्सों में लोगों को ठगने का काम कर रहे थे. पुलिस ने घेराबंदी कर मौके से तीन लोगों को दबोच लिया. पूछताछ के दौरान यह खुला
देश में तेजी से फैलते साइबर अपराध के बीच झारखंड का जादूगोड़ा एक बार फिर सुर्खियों में है। कभी जामताड़ा के नाम से पहचानी जाने वाली साइबर ठगी की दुनिया में अब जादूगोड़ा नया हॉटस्पॉट बनता दिख रहा है। पश्चिम दिल्ली में 7 लाख की ठगी के मामले में दिल्ली पुलिस न
बिहार के भागलपुर में एक अंतर्राज्यीय साइबर ठग गिरोह का खुलासा हुआ है। इस दौरान गिरोह के 10 सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है।
रांची से साइबर अपराध का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। ठगों ने रांची के रहने वाले एक युवक से 15 लाख रूपये से भी अधिक की ठगी कर ली।
झारखंड में साइबर क्राइम थम नहीं रहा है। जामताडा के अलावा ऐसे शातिर अपराधियों ने देवघर और रांची को भी ठिकाना बना लिया है। लेकिन जामताड़ा में भी इनकी जुर्म जारी है।