यूरोपियन यूनियन (EU) का एक हाई-लेवल प्रतिनिधिमंडल 8 जून को गुवाहाटी पहुंच रहा है। यह दो दिन का दौरा भारत के नॉर्थ-ईस्ट के साथ आर्थिक और रणनीतिक संबंधों को मजबूत करने और व्यापार व निवेश के नए मौकों की पहचान करने पर केंद्रित होगा।
ओडिशा सरकार ने 14 ज़िलों में फैले 24 प्रोजेक्ट्स के लिए 3,793.33 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों को मंज़ूरी दी। इसके तहत खोरधा डायमंड हब बनेगा।
ओडिशा विजिलेंस ने कंधमाल जिले के बालीगुडा में ITDA के असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव इंजीनियर (AEE) बैकुंठ नाथ बेहरा को आय से अधिक संपत्ति के मामले में गिरफ्तार किया है।
पुरी रथ यात्रा को देखते हुए रथ निर्माण का काम तय समय के अनुसार चल रहा है और कई मुख्य ढांचागत हिस्से पहले ही पूरे हो चुके हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, रथ निर्माण का काम तय समय के अनुसार चल रहा है और कई मुख्य ढांचागत हिस्से पहले ही पूरे हो चुके हैं।
राउरकेला की दो उच्च शिक्षित आदिवासी बहनें अपनी प्रेरणादायक उद्यमिता यात्रा से लोगों का दिल जीत रही हैं।
काज़ीरंगा अब बाढ़ का सामना करने के लिए तैयार है। मिली खबर के मुताबिक काज़ीरंगा नेशनल पार्क और टाइगर रिज़र्व में समय से पहले हुई बारिश से जलाशयों के भरने के कारण, पार्क प्रशासन ने बाढ़ से निपटने की तैयारी तेज़ कर दी है।
असम, तेजपुर की मशहूर लीची अब दुबई और सिंगापुर के बाजार तक पहुंचेगी। ये घोषणा शनिवार को तेजपुर लीची फेस्टिवल का दूसरा संस्करण शुरू होने के दौरान की गई।
शुक्रवार को मनाए गए विश्व पर्यावरण दिवस पर असम में आठ घंटे से कुछ ज़्यादा समय में 1.02 करोड़ से ज़्यादा पौधे लगाए गए। मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने इसे राज्य में हरियाली बढ़ाने की कोशिशों में एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। सरमा ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता फिर से अपने बयान को लेकर सुर्खियों में है। उन्होंने दोबारा एक हास्यास्पद बयान दिया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली में जलसंकट के सवाल पर कहा कि, इतनी गर्मी पड़ रही है कि पानी भाप बनकर उड़ जाता है।
सेबी ने राजेश एक्सपोर्ट्स लि. कंपनी पर 15 लाख करोड़ की गड़बड़ी का आरोप लगाया है और इसकी जांच की जा रही है। सेबी की जांच से पहले भी राजेश एक्सपोर्ट्स जांच के घेरे में रही है।
ओडिशा सरकार ने गुरुवार को घोषणा की कि वह खनन से प्रभावित ज़िलों के बीच डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन (DMF) फंड्स के बराबर बंटवारे के लिए एक नई पॉलिसी शुरू करेगी।
इस शुक्रवार को विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर असम में एक बड़ी सामुदायिक पर्यावरण पहल देखने को मिलेगी, जिसमें स्वयं सहायता समूहों (SHGs) की 35 लाख महिलाएं मिलकर पूरे राज्य में एक करोड़ पेड़ लगाएंगी।